NEWS PR डेस्क: झारखंड के चतरा जिले में सोमवार शाम एक एयर एंबुलेंस के दुर्घटनाग्रस्त हो जाने से मरीज, डॉक्टर और मेडिकल स्टाफ समेत सात लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। यह विमान रांची से उड़ान भरकर मरीज को इलाज के लिए दिल्ली ले जा रहा था।
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, हादसा सिमरिया क्षेत्र के पास घने जंगल में हुआ। प्रारंभिक जानकारी में तकनीकी खराबी और खराब मौसम को दुर्घटना की संभावित वजह माना जा रहा है। जिला प्रशासन ने बताया कि घटना के समय इलाके में तेज आंधी-तूफान चल रहा था।
तेज मौसम और दुर्गम इलाका बना चुनौती
जिलाधिकारी कीर्तिश्री जी के अनुसार, तेज हवा और बारिश के कारण विमान संतुलन खो बैठा। मौके पर पहुंची मेडिकल टीम ने सभी सात लोगों को मृत घोषित कर दिया। पुलिस अधीक्षक सुमित कुमार अग्रवाल ने बताया कि रात करीब 10 बजे हादसे की सूचना मिली, लेकिन घने जंगल और खराब रास्तों के कारण घटनास्थल तक पहुंचना काफी मुश्किल रहा।
उड़ान के बाद टूटा संपर्क
एयरपोर्ट अधिकारियों के मुताबिक, विमान ने शाम करीब 7:10 बजे रांची से उड़ान भरी थी। लगभग 7:34 बजे इसका संपर्क एयर ट्रैफिक कंट्रोल से टूट गया। आखिरी बार संपर्क कोलकाता एयर कंट्रोल से हुआ था। बाद में रडार सिग्नल भी वाराणसी से दक्षिण-पूर्व दिशा में लगभग 100 नॉटिकल मील दूर समाप्त हो गया।
संपर्क टूटने के बाद रात 8:05 बजे बचाव समन्वय केंद्र को सक्रिय किया गया। इसी दौरान स्थानीय ग्रामीणों ने विमान गिरने की सूचना प्रशासन को दी, जिसके बाद मलबा खासियातू करम टांड़ के जंगल में मिला।
हादसे में जान गंवाने वाले
विमान में सवार मृतकों की पहचान इस प्रकार हुई है:
कैप्टन विवक विकास भगत
कैप्टन सवराजदीप सिंह
संजय कुमार (मरीज)
अर्चना देवी (मरीज की पत्नी)
ध्रुव कुमार (अटेंडेंट)
डॉ. विकास कुमार गुप्ता
सचिन कुमार मिश्रा (पैरामेडिकल स्टाफ)
जांच के आदेश
उड्डयन नियामक डायरेक्टोरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन ने हादसे की जांच के आदेश दे दिए हैं। मामले की जांच एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो द्वारा की जाएगी। जांच टीम जल्द ही घटनास्थल पर पहुंचकर ब्लैक बॉक्स और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर दुर्घटना के कारणों का पता लगाएगी।
एक महीने में दूसरा मामला
गौरतलब है कि एक महीने के भीतर चार्टर्ड और निजी विमानों से जुड़े हादसों का यह दूसरा मामला है। इससे पहले जनवरी में महाराष्ट्र के बारामती क्षेत्र में भी एक चार्टर्ड विमान दुर्घटनाग्रस्त हुआ था।
परिवारों में मातम
इस हादसे के बाद मृतकों के परिजनों में शोक की लहर है। अस्पताल प्रबंधन के अनुसार, मरीज को बेहतर इलाज के लिए दिल्ली ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में यह हादसा हो गया। राज्य सरकार ने भी घटना पर गहरा दुख जताते हुए हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया है।