NEWS PR डेस्क: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार जल्द ही एक नई हाई-सिक्योरिटी लग्जरी गाड़ी में सफर करते नजर आ सकते हैं। राज्य सरकार मुख्यमंत्री के लिए बुलेटप्रूफ रेंज रोवर वाहन की खरीद प्रक्रिया शुरू करने जा रही है। इसके साथ ही यह पहला मौका होगा जब नीतीश कुमार रेंज रोवर जैसी लग्जरी एसयूवी का उपयोग करते दिखाई देंगे।
अब तक मुख्यमंत्री आधिकारिक दौरों और सरकारी कार्यक्रमों में मुख्य रूप से इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) और भारतीय कंपनियों की गाड़ियों का इस्तेमाल करते आए हैं। पर्यावरण संरक्षण का संदेश देने के लिए उनका EV में सफर करना उनकी पहचान का हिस्सा रहा है। ऐसे में रेंज रोवर की खरीद को एक बड़ा और अहम बदलाव माना जा रहा है।
सुरक्षा एजेंसियों की समीक्षा के बाद निर्णय:
सरकारी सूत्रों के मुताबिक यह फैसला पूरी तरह से मुख्यमंत्री की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। समय-समय पर सुरक्षा एजेंसियों द्वारा वीवीआईपी सुरक्षा की समीक्षा की जाती है। इसी प्रक्रिया के तहत अत्याधुनिक बैलिस्टिक सुरक्षा से लैस बुलेटप्रूफ रेंज रोवर को उपयुक्त माना गया है। यह वाहन किसी भी संभावित खतरे की स्थिति में उच्च स्तर की सुरक्षा प्रदान करने में सक्षम होगा।
चार बुलेटप्रूफ गाड़ियों की होगी खरीद:
राज्य सरकार कुल चार बुलेटप्रूफ गाड़ियों की खरीद करने जा रही है। इनमें से कुछ गाड़ियां मुख्यमंत्री के काफिले में शामिल होंगी, जबकि अन्य को बैकअप और सुरक्षा प्रबंधन के लिए रखा जाएगा। इससे वीवीआईपी मूवमेंट के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत किया जा सकेगा। हालांकि फिलहाल इन गाड़ियों की कीमत और तकनीकी विवरण सार्वजनिक नहीं किए गए हैं, लेकिन बुलेटप्रूफ और आयातित होने के कारण इनकी लागत काफी अधिक होने की संभावना है।
EV और भारतीय गाड़ियों का इस्तेमाल रहेगा जारी:
सूत्रों का कहना है कि इसके बावजूद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अपने सामान्य और रोजमर्रा के कार्यक्रमों में EV और भारतीय गाड़ियों का इस्तेमाल जारी रख सकते हैं। रेंज रोवर का उपयोग मुख्य रूप से हाई-सिक्योरिटी मूवमेंट, बड़े सार्वजनिक कार्यक्रमों या विशेष परिस्थितियों में ही किया जाएगा।
सादगी की छवि में नया बदलाव:
खरीद प्रक्रिया पूरी होने के बाद जल्द ही मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को बुलेटप्रूफ रेंज रोवर में देखा जा सकता है। सादगी और सीमित संसाधनों के उपयोग के लिए पहचाने जाने वाले मुख्यमंत्री की यह नई तस्वीर बिहार की राजनीति में एक अलग और खास संदेश दे सकती है।