बिहार रेजीमेंट केंद्र, दानापुर में 31वें द्विवार्षिक एवं 15वें पुनर्मिलन सम्मेलन का शुभारंभ गौरवपूर्ण एवं उत्साहपूर्ण वातावरण में हुआ। यह सम्मेलन बिहार रेजीमेंट की समृद्ध सैन्य विरासत, गौरवशाली परंपराओं, वीरता, बलिदान और सैनिकों के बीच अटूट भाईचारे का प्रतीक है।
इस सम्मेलन में बिहार रेजीमेंट के वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों, सेवारत अधिकारियों एवं अन्य प्रतिनिधियों द्वारा रेजीमेंट से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श किया जाएगा। सम्मेलन के दौरान रेजीमेंट की भावी दिशा, विभिन्न नीतिगत विषयों तथा संगठनात्मक प्राथमिकताओं पर चर्चा की जाएगी। इसके साथ ही, बिहार रेजीमेंट के नए कर्नल ऑफ द रेजीमेंट के चयन की प्रक्रिया भी इस सम्मेलन का एक प्रमुख आकर्षण होगी।
यह सम्मेलन रेजीमेंट के प्रशासनिक एवं संगठनात्मक विषयों पर विचारों के आदान-प्रदान, नीतियों की समीक्षा तथा भविष्य की योजनाओं के निर्धारण के लिए एक महत्वपूर्ण मंच प्रदान करेगा। इसके साथ ही, यह सेवारत सैनिकों एवं पूर्व सैनिकों के बीच आपसी समन्वय, सौहार्द और रेजीमेंट के प्रति गर्व की भावना को और सुदृढ़ करने का अवसर भी है।
बिहार रेजीमेंट भारतीय सेना की उन गौरवशाली रेजीमेंटों में से एक है, जिसने अपने अदम्य साहस, अनुशासन, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्र के प्रति सर्वोच्च समर्पण से विशिष्ट पहचान स्थापित की है। रेजीमेंट की गौरवशाली परंपराएँ इसके प्रत्येक सैनिक को राष्ट्रसेवा के प्रति समर्पित रहने तथा हर चुनौती का दृढ़ता से सामना करने की प्रेरणा देती हैं।
31वाँ द्विवार्षिक एवं 15वाँ पुनर्मिलन सम्मेलन बिहार रेजीमेंट की गौरवशाली विरासत को आगे बढ़ाने, संगठनात्मक एकजुटता को मजबूत करने तथा भविष्य की चुनौतियों के लिए सामूहिक संकल्प को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण अवसर है।
बिहार रेजीमेंट का गौरवशाली सम्मेलन शुरू, वीरता और सैन्य परंपराओं का होगा संगम