बिहार में 18 नेताओं की सुरक्षा व्यवस्था में बदलाव, कई की बढ़ी तो कई की घटी सुरक्षा

Amit Singh

NEWS PR डेस्क: बिहार में नेताओं की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर बड़ा फेरबदल किया गया है। राज्य सरकार ने 18 प्रमुख नेताओं की सुरक्षा श्रेणी में बदलाव करते हुए नई सूची जारी की है। इस सूची में सत्तापक्ष और विपक्ष दोनों के दिग्गज नेताओं के नाम शामिल हैं। किसी की सुरक्षा बढ़ाई गई है तो किसी की घटा दी गई है, जबकि कुछ नेताओं की सुरक्षा पूरी तरह समाप्त कर दी गई है।

राज्य सरकार के संयुक्त सचिव नवीन चंद्र ने मंगलवार (27 जनवरी, 2026) को इस संबंध में अधिसूचना जारी करते हुए पटना के डीजीपी को पत्र भेजा है। यह निर्णय 16 जनवरी को हुई राज्य सुरक्षा समिति की बैठक में लिया गया था।

नई व्यवस्था के तहत अभिनेता से नेता बने शत्रुघन सिन्हा की सुरक्षा घटा दी गई है। उन्हें पहले Z+ श्रेणी की सुरक्षा प्राप्त थी, जिसे अब Y श्रेणी में बदल दिया गया है। वहीं तेजस्वी यादव की सुरक्षा Z से घटाकर Y+ कर दी गई है, हालांकि उन्हें एस्कॉर्ट वाहन की सुविधा दी गई है। पूर्व लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार की सुरक्षा भी Y+ से घटाकर X श्रेणी कर दी गई है।

दूसरी ओर, केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह की सुरक्षा बढ़ाई गई है। पहले उन्हें Y श्रेणी की सुरक्षा मिली थी, जिसे अब Y+ कर दिया गया है। नवादा से सांसद और बीजेपी नेता विवेक ठाकुर की सुरक्षा भी Y से बढ़ाकर Y+ कर दी गई है।

बिहार बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी, स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय और जेडीयू के वरिष्ठ नेता व केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह को Z श्रेणी की सुरक्षा प्रदान की गई है। वहीं जेडीयू एमएलसी संजय सिंह को Y श्रेणी की सुरक्षा के साथ एस्कॉर्ट सुविधा दी गई है।

इसके अलावा हरनौत के पूर्व विधायक इंजीनियर सुनील कुमार को पहली बार X श्रेणी की सुरक्षा मिली है। जमुई से सांसद अरुण भारती को Y+ सुरक्षा दी गई है, जबकि AIMIM के प्रदेश अध्यक्ष और अमौर विधायक अख्तरुल ईमान को Y श्रेणी की सुरक्षा प्रदान की गई है।

कुछ नेताओं की सुरक्षा में कटौती भी की गई है। पशुपति पारस की सुरक्षा Y से घटाकर X कर दी गई है। कांग्रेस नेता और पूर्व विधायक शकील अहमद की सुरक्षा भी Y से घटाकर X कर दी गई है। जेडीयू प्रवक्ता राजीव रंजन सिंह को पहली बार X श्रेणी की सुरक्षा मिली है।

इसके साथ ही बिहार के तीन बड़े नेताओं की सुरक्षा पूरी तरह समाप्त कर दी गई है। इनमें बिहार विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष उदय नारायण चौधरी, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व विधान परिषद सदस्य मदन मोहन झा तथा औरंगाबाद के पूर्व विधायक राजेश कुमार शामिल हैं।

नई सुरक्षा सूची जारी होने के बाद राज्य की सियासत में हलचल तेज हो गई है। अब यह देखा जाएगा कि आने वाले दिनों में इस फैसले को लेकर राजनीतिक प्रतिक्रिया किस तरह सामने आती है।

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