NEWS PR डेस्क: मोकामा-मुंगेर फोरलेन ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे परियोजना को प्रशासनिक स्तर पर तेज़ी से आगे बढ़ाया जा रहा है। करीब 4,447 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली 82.4 किलोमीटर लंबी यह सड़क क्षेत्र के बुनियादी ढांचे को नई दिशा देगी। यह परियोजना National Highways Authority of India के अधीन संचालित हो रही है। इसके तहत दो बड़े पुलों का निर्माण भी प्रस्तावित है, जिससे आवागमन अधिक सुरक्षित और सुगम होगा। परियोजना के पूरा होने से Bihar के साथ-साथ Jharkhand की कनेक्टिविटी मजबूत होगी।
ग्रीनफील्ड सड़क निर्माण के लिए 60 मीटर चौड़ी भूमि का अधिग्रहण किया जा रहा है। लखीसराय जिले के पांच प्रखंडों के 48 मौजा में कुल 342.97 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहण प्रस्तावित है। अब तक 46 मौजा की 270.71 हेक्टेयर भूमि की अधिसूचना प्रकाशित की जा चुकी है। दामोदरपुर और इंगलिश मौजा का खतियान व जमाबंदी विवरण उपलब्ध नहीं होने के कारण अधिसूचना अभी लंबित है। जिला प्रशासन ने 174.72 हेक्टेयर भूमि के गजट प्रकाशन का प्रस्ताव एनएचएआई को भेज दिया है और सभी अंचल अधिकारियों को फॉर्मेट-22 व नक्शा उपलब्ध करा दिया गया है। 28 फरवरी तक भूमि सत्यापन पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
अंचलवार भूमि अधिग्रहण में बड़हिया के 8 मौजा से 78.71 हेक्टेयर, लखीसराय के 9 मौजा से 76.29 हेक्टेयर, चानन के 7 मौजा से 33.07 हेक्टेयर, पिपरिया के 6 मौजा से 15.71 हेक्टेयर और सूर्यगढ़ा के 18 मौजा से 139.97 हेक्टेयर भूमि शामिल है। प्रशासन द्वारा इन सभी क्षेत्रों में प्रक्रिया को तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है।
यह ग्रीनफील्ड फोरलेन सड़क बक्सर–भागलपुर कॉरिडोर का हिस्सा होगी, जिससे मोकामा और मुंगेर के रास्तेपटना, लखीसराय, मुंगेर और भागलपुर के बीच सीधा और तेज़ संपर्क स्थापित होगा। परियोजना पूरी होने पर मोकामा से मुंगेर की दूरी तय करने में लगभग डेढ़ घंटे की बचत होने का अनुमान है।
जिला प्रशासन द्वारा भूमि अधिग्रहण की नियमित समीक्षा की जा रही है, ताकि प्रक्रिया समयबद्ध तरीके से पूरी हो सके। अधिकारियों के अनुसार, जैसे ही अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी होगी, निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। प्रशासन का मानना है कि यह परियोजना क्षेत्र के आर्थिक, औद्योगिक और व्यावसायिक विकास को नई गति देगी और आने वाले समय में यह सड़क पूर्वी बिहार के लिए विकास का मजबूत आधार बनेगी।