NEWS PR डेस्क: पटना, 30 अप्रैल। राज्य में हाल के आपराधिक घटनाक्रमों के बीच मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने गुरुवार को अधिवेशन भवन में सभी जिलों के डीएम और एसपी के साथ अहम बैठक की। इस दौरान उन्होंने कानून-व्यवस्था को दुरुस्त करने और पुलिसिंग को अधिक प्रभावी बनाने के लिए सख्त निर्देश जारी किए।
बैठक में मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से बच्चियों के खिलाफ होने वाले जघन्य अपराधों पर चिंता जताई और कहा-‘छोटी बच्चियों के साथ हिनियस क्राइम करने वालों के खिलाफ कड़ी कारवाई कीजिए। पीड़ित/ मृत बच्चियों की 13वीं से पहले अपराधी को माला पहना दीजिए।’ उन्होंने अधिकारियों से स्पष्ट कहा कि दोषियों को जल्द से जल्द पकड़कर कड़ी सजा दिलाई जाए, ताकि समाज में सख्त संदेश जाए।
उद्योग और निवेश के मुद्दे पर भी मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सक्रिय भूमिका निभाने को कहा। उन्होंने निर्देश दिया कि राज्य में औद्योगिक माहौल को बेहतर बनाने के लिए हर जिले में इंडस्ट्रियल हब विकसित किए जाएं और निवेश करने वाले उद्योगपतियों को पूरी सुरक्षा दी जाए। बाहर से आने वाले निवेशकों के लिए एक-एक जिम्मेदार पदाधिकारी नियुक्त करने की बात भी उन्होंने कही, ताकि उन्हें किसी तरह की परेशानी न हो।
सीएम ने आपातकालीन सेवा को और मजबूत करने पर जोर देते हुए डायल 112 को अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश दिए। साथ ही प्रशासनिक जवाबदेही तय करते हुए उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी रोजाना सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक अपने कार्यालय में बैठकर आम लोगों की समस्याएं सुनें और उनका समाधान करें।
मुख्यमंत्री ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि अगर किसी जिले में डीएम और एसपी सही सोच और प्रतिबद्धता के साथ काम करें तो अधिकांश समस्याएं स्वतः ही सुलझ जाती हैं। उन्होंने अधिकारियों से जनहित को सर्वोपरि रखते हुए संवेदनशीलता और तत्परता के साथ काम करने की अपील की।
गौरतलब है कि राज्य में हाल ही में 24 घंटे के भीतर दो बड़ी आपराधिक घटनाएं और एनकाउंटर होने के बाद यह बैठक बुलाई गई थी। इसे सरकार की ओर से कानून-व्यवस्था को लेकर सख्त रुख के रूप में देखा जा रहा है।