NEWS PR डेस्क: केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री चिराग पासवान ने गुरुवार को लेह में प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण उद्यम औपचारिककरण योजना (PMFME) के तहत आयोजित प्रदर्शनी का उद्घाटन किया। इस दौरान उन्होंने खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र में लद्दाख की संभावनाओं को रेखांकित करते हुए इसे राष्ट्रीय और वैश्विक बाजार से जोड़ने पर जोर दिया।
लेह के उपायुक्त कार्यालय परिसर में आयोजित इस प्रदर्शनी का उद्देश्य PMFME योजना के लाभार्थियों द्वारा तैयार उत्पादों को मंच प्रदान करना, स्थानीय उद्यमिता को बढ़ावा देना और सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों के लिए बाजार पहुंच मजबूत करना था। कार्यक्रम का आयोजन खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय और लद्दाख प्रशासन के उद्योग एवं वाणिज्य विभाग ने संयुक्त रूप से किया।

प्रदर्शनी के दौरान केंद्रीय मंत्री ने विभिन्न स्टालों का निरीक्षण किया और लाभार्थियों से बातचीत कर उनके अनुभव सुने। उन्होंने उद्यमियों को अपने उत्पादों की गुणवत्ता और पहचान को राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने के लिए प्रोत्साहित किया।
इसके बाद आयोजित समीक्षा बैठक में चिराग पासवान ने कहा कि लद्दाख में खाद्य प्रसंस्करण उद्योग के विकास की अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने कहा कि पहले कृषि क्षेत्र का मुख्य फोकस केवल उत्पादन बढ़ाने पर था, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वर्ष 2014 के बाद से मूल्य संवर्धन और खाद्य प्रसंस्करण पर विशेष ध्यान दिया गया है।

उन्होंने लद्दाख के खास उत्पादों जैसे सी-बकथॉर्न और खुबानी का उल्लेख करते हुए कहा कि ये उत्पाद अंतरराष्ट्रीय बाजार में अपनी अलग पहचान बना सकते हैं। इसके लिए बेहतर मार्केटिंग, निवेश और आधुनिक तकनीक की जरूरत है।
केंद्रीय मंत्री ने ‘वर्ल्ड फूड इंडिया’ जैसे मंचों से जुड़ने की भी अपील की, ताकि स्थानीय उद्यमियों को बड़े बाजार और नए अवसर मिल सकें। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकारों के सहयोग से देशभर में आधुनिक प्रसंस्करण और कोल्ड चेन सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है।
बैठक में क्रेता-विक्रेता बैठकों की उपयोगिता पर भी चर्चा हुई। मंत्री ने कहा कि ऐसे आयोजनों से स्थानीय उत्पादों को नए बाजार मिलते हैं, इसलिए भविष्य में इन्हें और अधिक आयोजित किया जाना चाहिए।