NEWS PR डेस्क: मधुबनी, 27 जून। प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना (PMFME) का लाभ उठाकर मधुबनी जिले के मधेपुर प्रखंड निवासी विष्णु प्रसाद चौधरी ने स्वरोजगार की एक प्रेरणादायक मिसाल पेश की है। उन्होंने वर्ष 2024 में “श्याम पापड़ उद्योग” की स्थापना कर न केवल अपना व्यवसाय शुरू किया, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर भी सृजित किए हैं।
व्यावसायिक पृष्ठभूमि से जुड़े विष्णु प्रसाद चौधरी ने 17 सितंबर 2024 को अपने पापड़ उद्योग की शुरुआत की। उद्योग विभाग के सहयोग से उन्हें पीएमएफएमई योजना के तहत 10 लाख रुपये की वित्तीय सहायता मिली। इस राशि से उन्होंने पापड़, बड़ी और अदौरी जैसे खाद्य उत्पादों का निर्माण शुरू किया। गुणवत्तापूर्ण उत्पादों के कारण उनका व्यवसाय धीरे-धीरे बाजार में अपनी अलग पहचान बनाने लगा।
विष्णु प्रसाद बताते हैं कि कारोबार की शुरुआत आसान नहीं थी। प्रशिक्षित कारीगरों की कमी के कारण उन्हें दूसरे जिलों से श्रमिक बुलाने पड़े। शुरुआती दिनों में उत्पादों की बिक्री भी चुनौतीपूर्ण रही, लेकिन लगातार मेहनत, गुणवत्ता और ग्राहकों के भरोसे के दम पर उन्होंने इन मुश्किलों को पीछे छोड़ दिया।

आज “श्याम पापड़ उद्योग” के उत्पाद मधुबनी के साथ-साथ आसपास के जिलों में भी पसंद किए जा रहे हैं। वर्तमान में इस इकाई में पांच लोगों को रोजगार मिला हुआ है, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन को भी बढ़ावा मिला है।
भविष्य की योजना के बारे में विष्णु प्रसाद चौधरी ने बताया कि वे अपने उद्योग का विस्तार करना चाहते हैं, ताकि अधिक से अधिक लोगों को रोजगार उपलब्ध कराया जा सके और स्थानीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग को नई पहचान मिल सके।
उन्होंने युवाओं से स्वरोजगार की दिशा में आगे बढ़ने का आह्वान करते हुए कहा कि शुरुआत में कठिनाइयां जरूर आती हैं, लेकिन यदि आत्मविश्वास और मेहनत के साथ प्रयास जारी रखा जाए तो सफलता निश्चित मिलती है। उनकी सफलता की कहानी आज जिले के युवाओं के लिए प्रेरणा बन रही
