NEWS PR डेस्क : बिहार में रेल यात्रियों के लिए अगले 14 दिन बेहद अहम रहने वाले हैं। 21 सितंबर से 4 अक्टूबर 2026 तक मोकामा में गंगा नदी पर बन रहे नए समानांतर डबल लाइन रेल पुल को मौजूदा रेलवे नेटवर्क से जोड़ने के लिए बड़ा ट्रैफिक ब्लॉक लिया जाएगा। पूर्व मध्य रेलवे के दानापुर मंडल में होने वाले इस मेगा ब्लॉक के चलते कुल 845 ट्रेन सेवाएं प्रभावित होने की संभावना है। ऐसे में इस अवधि में यात्रा करने वाले यात्रियों को स्टेशन पहुंचने से पहले अपनी ट्रेन का ताजा स्टेटस जरूर जांचने की सलाह दी गई है।
338 ट्रेनें रहेंगी रद्द
रेलवे के अनुसार, नॉन-इंटरलॉकिंग (NI) कार्य के कारण प्रभावित होने वाली 845 ट्रेन सेवाओं में 338 ट्रेनें रद्द की जाएंगी। वहीं, 384 ट्रेनों का रूट डायवर्ट किया जाएगा। इसके अलावा 67 ट्रेनें शॉर्ट-ऑरिजिनेट और 56 ट्रेनें शॉर्ट-टर्मिनेट होंगी।
शॉर्ट-ऑरिजिनेशन का मतलब है कि कुछ ट्रेनें अपने निर्धारित शुरुआती स्टेशन के बजाय किसी दूसरे स्टेशन से चलेंगी। वहीं, शॉर्ट-टर्मिनेशन वाली ट्रेनों का परिचालन निर्धारित गंतव्य से पहले ही समाप्त कर दिया जाएगा।
पांच प्रमुख स्थानों पर होगा NI कार्य
नए पुल को मौजूदा रेल नेटवर्क से जोड़ने के लिए अपर हथिदह जंक्शन, ताल जंक्शन, रामपुर डुमरा, दिनकर ग्राम सिमरिया और बरौनी जंक्शन में महत्वपूर्ण काम किया जाएगा। NI कार्य पूरा होने के बाद नए डबल लाइन पुल से ट्रेनों के परिचालन का रास्ता साफ हो जाएगा।
बिहार के साथ कई राज्यों के यात्रियों पर असर
इस मेगा ब्लॉक का प्रभाव केवल बिहार तक सीमित नहीं रहेगा। उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, झारखंड और ओडिशा से बिहार आने-जाने वाले यात्रियों को भी ट्रेनों के रूट और समय में बदलाव का सामना करना पड़ सकता है। हावड़ा, पटना, कोलकाता और नई दिल्ली को जोड़ने वाले प्रमुख रेल मार्गों पर भी इसका असर देखने को मिलेगा।
रेलवे के मुताबिक 3 अक्टूबर को सबसे ज्यादा असर पड़ सकता है और इस दिन 36 ट्रेनों के रद्द रहने की संभावना है। नए पुल के चालू होने से राजेंद्र सेतु पर रेल यातायात का दबाव कम होगा और इस महत्वपूर्ण रेल कॉरिडोर की क्षमता बढ़ेगी।
यात्रियों से अपील है कि 21 सितंबर से 4 अक्टूबर के बीच सफर से पहले अपनी ट्रेन का ताजा स्टेटस और रूट में हुए बदलाव की जानकारी जरूर जांच लें।
बिहार में 14 दिन का मेगा रेल ब्लॉक, 845 ट्रेनें प्रभावित; 338 रद्द, 384 का बदलेगा रूट