NEWS PR डेस्क : छपरा जेल ब्रेक कांड में अदम्य साहस और कर्तव्यनिष्ठा दिखाने वाले तत्कालीन छपरा एसपी कुंदन कृष्णन समेत 17 पुलिसकर्मियों को गणतंत्र दिवस के अवसर पर गैलेंट्री अवॉर्ड से सम्मानित किया गया।
सम्मान पाने वालों में वर्तमान में एडीजी हेडक्वार्टर पद पर तैनात कुंदन कृष्णन के अलावा एक आईजी, एक डीआईजी, दो डीएसपी, हवलदार और सिपाही शामिल हैं।
इस घटना का इतिहास मार्च 2002 का है, जब छपरा जेल में बंद कैदियों को अन्य जेलों में स्थानांतरित किया जा रहा था। इसी दौरान जेल में अचानक अराजक स्थिति पैदा हो गई। कैदियों ने हिंसक रवैया अपनाया और जेल परिसर में ईंट-पत्थरबाजी शुरू कर दी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जेल पगली घंटी बजाई गई, जिससे पुलिस और प्रशासन तुरंत अलर्ट हो गए। तत्कालीन एसपी कुंदन कृष्णन ने पुलिस बल के साथ मोर्चा संभाला, जेल परिसर को घेर लिया और कैदियों को फरार होने से रोक दिया।
इस दौरान कैदियों की ओर से 33 राउंड फायरिंग की गई। घटना में कई पुलिसकर्मी शहीद हो गए और 28 अन्य घायल हुए। वहीं, चार कैदी मारे गए और सात अन्य घायल हुए। जेल परिसर में तलाशी के दौरान पुलिस ने अवैध हथियार और बड़ी संख्या में खोखे बरामद किए।
पुलिस की साहसिक और त्वरित कार्रवाई के कारण बड़ी अनहोनी टली और जेल में क़ानून कायम रहा। इसी अद्वितीय बहादुरी, नेतृत्व के लिए एसपी कुंदन कृष्णन और अन्य अधिकारियों को यह सम्मान प्रदान किया गया।