किशनगंज में ठाकुरगंज विधायक गोपाल कुमार अग्रवाल के कथित बयान को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। शेरशाहवादी समुदाय को लेकर दिए गए कथित अपमानजनक बयान के विरोध में विभिन्न राजनीतिक दलों और सामाजिक संगठनों के लोगों ने जिला पदाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग की है। ऑल बिहार शेरशाहवादी एसोसिएशन के बैनर तले बड़ी संख्या में लोग समाहरणालय पहुंचे। इस दौरान कांग्रेस, एआईएमआईएम और जन सुराज सहित कई दलों के नेताओं ने संयुक्त रूप से जिला प्रशासन को आवेदन सौंपा।

सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने का आरोप
प्रतिनिधिमंडल में किशनगंज के कांग्रेस विधायक कमरुल होदा, कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव तौकीर आलम, एआईएमआईएम नेता अब्दुर रहमान, मौलाना अब्दुल रशीद तथा जन सुराज पार्टी के नेता समेत कई लोग मौजूद रहे। नेताओं ने आरोप लगाया कि विधायक के बयान से सीमांचल क्षेत्र का भाईचारा और सामाजिक सौहार्द प्रभावित हुआ है। उन्होंने प्रशासन से मामले में उचित कार्रवाई की मांग की।

“गंगा-जमुनी तहजीब को तोड़ने की कोशिश बर्दाश्त नहीं”
कांग्रेस विधायक कमरुल होदा ने बयान को निंदनीय बताते हुए कहा कि समाज को बांटने वाली राजनीति से क्षेत्र का माहौल खराब हो सकता है। वहीं कांग्रेस नेता तौकीर आलम ने कहा कि सीमांचल की गंगा-जमुनी तहजीब को तोड़ने की किसी भी कोशिश को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। एआईएमआईएम नेता अब्दुर रहमान ने भी बयान की आलोचना करते हुए सरकार से त्वरित कार्रवाई की मांग की। फिलहाल इस मुद्दे को लेकर सीमांचल की राजनीति गरमा गई है और विभिन्न राजनीतिक दल खुलकर विरोध में उतर आए हैं। अब जिला प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाता है, इस पर लोगों की नजर बनी हुई है।
किशनगंज से मशरूर रईस की रिपोर्ट