मुजफ्फरपुर में तिरहुत मुख्य नहर से सिंचाई व्यवस्था बदहाल होने के कारण कांटी और मड़वन प्रखंड के हजारों किसानों को पर्याप्त पानी नहीं मिल पा रहा है। इसी समस्या को लेकर कांटी विधायक सह पूर्व मंत्री ई. अजीत कुमार ने स्थानीय परिषदन में जल संसाधन विभाग के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में अगले एक वर्ष के भीतर किसानों के खेतों तक नहर का पानी पहुंचाने का संकल्प लिया गया।
जर्जर नहरों का होगा सर्वे, अतिक्रमण हटाने की बनेगी योजना
बैठक में बताया गया कि तिरहुत मुख्य नहर कांटी विधानसभा क्षेत्र में जगन्नाथपुर आरडी संख्या 649 से पकड़ी पकोही आरडी संख्या 704.35 तक फैली है। इससे निकलने वाली वीरपुर वितरणी धूमनगर से श्रीसिया कांटी तक जाती है, लेकिन वर्तमान में इसका पानी मुख्य रूप से कांटी थर्मल पावर तक ही सीमित है। खजुरी माइनर, तिवारी टोला उप वितरणी, हरदासपुर लघु नहर, बड़कागांव वितरणी, मड़वन माइनर, जीयन माइनर, माधो छपरा माइनर और जमाला माइनर भी जर्जर स्थिति में हैं। विधायक ने सभी वितरणी और उप वितरणी नहरों का भौतिक सर्वे कर रिपोर्ट तैयार करने का निर्देश दिया है। अतिक्रमण, अवैध निर्माण, झाड़-झंखाड़ और टूट-फूट वाली जगहों की अलग रिपोर्ट तैयार कर चरणबद्ध तरीके से जीर्णोद्धार कराया जाएगा।
विधानसभा में सरकार के सामने उठेगा किसानों का मुद्दा
विधायक ई. अजीत कुमार ने कहा, “किसानों के खेतों तक पानी पहुंचाना मेरा संकल्प है। इसके लिए यदि किसी भी स्तर पर लड़ाई लड़नी पड़े, तो हम पीछे नहीं हटेंगे।” उन्होंने कहा कि विधानसभा के अगले सत्र में इस मामले को सरकार के सामने मजबूती से उठाया जाएगा और किसानों को उनका वाजिब हक दिलाने का प्रयास किया जाएगा। अगले एक वर्ष में नहरों का जीर्णोद्धार कर सिंचाई व्यवस्था को बेहतर बनाने का लक्ष्य है।
बैठक में जल संसाधन विभाग के कार्यपालक अभियंता ई. पुष्कर, सहायक अभियंता ई. भोला प्रसाद, ई. प्रभात कुमार, ई. प्रशांत यादव तथा कनीय अभियंता शालिग्राम राय, रामनाथ दास, रोहित कुमार, अमित कुमार, दीपक कुमार और सन्नी कुमार सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।