ऐतिहासिक घोड़दौड़ पोखर बनेगा पर्यटन केंद्र, एसडीओ ने किया निरीक्षण

Rashmi Tiwari

मोतिहारी: पूर्वी चंपारण जिले के पताही प्रखंड स्थित ऐतिहासिक पदुमकेर घोड़दौड़ पोखर के जीर्णोद्धार और पर्यटन विकास कार्य को लेकर प्रशासनिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। इसी क्रम में पकड़ीदयाल एसडीओ मंगला कुमारी Mangala Kumari ने निर्माण कार्य स्थल का विस्तृत निरीक्षण किया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान एसडीओ ने पोखर क्षेत्र में चल रहे मिट्टी उगाही कार्य और पुल निर्माण कार्य की प्रगति की बारीकी से जांच की। उन्होंने जल संसाधन विभाग के जूनियर इंजीनियर और ठेकेदार को स्पष्ट निर्देश दिया कि सभी कार्य 15 जून तक हर हाल में पूर्ण किए जाएं।जानकारी के अनुसार, इस ऐतिहासिक घोड़दौड़ पोखर का निर्माण वर्ष 1413 से 1416 के बीच राजा शिवजी सिंह द्वारा कराया गया था। यह पोखर ऐतिहासिक और सांस्कृतिक दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण माना जाता है।

पूर्व मुख्यमंत्री Nitish Kumar ने इस ऐतिहासिक स्थल को पर्यटन के रूप में विकसित करने और इसके जीर्णोद्धार की घोषणा प्रगति यात्रा के दौरान की थी। इसी के तहत प्रथम चरण में 9 करोड़ 31 लाख रुपये की लागत से मिट्टी उगाही और पुल निर्माण का कार्य किया जा रहा है।एसडीओ मंगला कुमारी ने बताया कि निरीक्षण के दौरान कार्य की गुणवत्ता और प्रगति की समीक्षा की गई है। उन्होंने कहा कि विभागीय जेई और ठेकेदार को समय सीमा के भीतर कार्य पूरा करने का सख्त निर्देश दिया गया है।

निरीक्षण के समय जल संसाधन विभाग के अधिकारी, एसडीओ तथा सीओ नाजनी अकरम भी मौजूद रहीं। प्रशासन का मानना है कि यह परियोजना पूरी होने के बाद क्षेत्र में पर्यटन को नई दिशा मिलेगी और स्थानीय लोगों को भी इसका लाभ मिलेगा। मोतिहारी से संतोष राउत की रिपोर्ट

Share This Article