भागलपुर में बेरोजगार युवाओं पर हुए कथित लाठीचार्ज के विरोध में छात्र संगठनों का आक्रोश सड़कों पर दिखाई दिया। पटना में टीआरई-4 विज्ञापन जारी करने की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों पर पुलिस कार्रवाई के विरोध में छात्रों ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी का पुतला दहन कर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

यह प्रदर्शन तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय के मुख्य प्रवेश द्वार पर आयोजित किया गया, जहां एसएसआई से जुड़े छात्र कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में हिस्सा लिया। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि पटना में शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांग रख रहे बेरोजगार युवाओं पर पुलिस ने बेरहमी से लाठीचार्ज किया और अभ्यर्थियों के साथ दुर्व्यवहार किया गया। छात्र नेताओं ने कहा कि युवाओं को रोजगार देने के बजाय सरकार उनकी आवाज दबाने का प्रयास कर रही है। प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने सरकार विरोधी नारे लगाए और टीआरई-4 भर्ती प्रक्रिया को लेकर जल्द विज्ञापन जारी करने की मांग दोहराई।

इस मौके पर एसएसआई के विश्वविद्यालय अध्यक्ष Lalu Yadav ने कहा कि बिहार सरकार पूरी तरह निरंकुश हो चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि जब बेरोजगार छात्र रोजगार की मांग को लेकर शांतिपूर्ण आंदोलन करते हैं, तो सरकार उनकी समस्याएं सुनने के बजाय उन पर लाठियां बरसाती है। छात्र संगठनों ने चेतावनी दी कि यदि अभ्यर्थियों की मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।
भागलपुर से श्यामानंद की रिपोर्ट