NEWS PR डेस्क: भागलपुर में अपनी विभिन्न मांगों को लेकर शिक्षकों ने एक दिवसीय धरना दिया। बिहार पंचायत-नगर प्रारंभिक शिक्षक संघ के बैनर तले राज्य संघ के आह्वान पर आयोजित इस धरने में बड़ी संख्या में महिला और पुरुष शिक्षक शामिल हुए। संघ के अध्यक्ष पूरण कुमार की अध्यक्षता में शिक्षकों ने अपनी मांगों को लेकर आवाज उठाई। धरने के दौरान शिक्षकों ने सरकार से स्वीकृत वेतनमान का लाभ देने, पुराने वेतनमान से जुड़े मामलों का समाधान करने और पुरानी पेंशन व्यवस्था लागू करने समेत कई मांगें रखीं।
स्वीकृत वेतनमान का लाभ देने की मांग
धरने में शामिल शिक्षकों ने कहा कि वे लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर सरकार का ध्यान आकर्षित कर रहे हैं। शिक्षकों की प्रमुख मांगों में सरकार द्वारा स्वीकृत वेतनमान का लाभ देना शामिल है।
इसके साथ ही पुराने वेतनमान से जुड़े लंबित मामलों का समाधान करने की मांग भी उठाई गई। शिक्षकों का कहना है कि वेतन से जुड़े मामलों के साथ उनकी सेवा शर्तों और भविष्य की सुरक्षा से जुड़े मुद्दों का भी समाधान जरूरी है।
पुरानी पेंशन व्यवस्था लागू करने की मांग
संघ के अध्यक्ष पूरण कुमार ने कहा कि शिक्षक लगातार अपनी मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन अब तक उनकी समस्याओं का अपेक्षित समाधान नहीं हो पाया है। उन्होंने सरकार से मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय लेने की अपील की।
शिक्षकों ने विशेष रूप से पुरानी पेंशन व्यवस्था लागू करने की मांग रखी। उनका कहना है कि पेंशन का मुद्दा शिक्षकों के भविष्य और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ा हुआ है। धरने के दौरान शिक्षकों ने एकजुट होकर अपनी मांगों को सरकार तक पहुंचाने का प्रयास किया।
मांगें पूरी नहीं हुईं तो आंदोलन आगे बढ़ाने के संकेत
धरने में वक्ताओं ने कहा कि शिक्षकों की मांगें केवल वेतन बढ़ोतरी तक सीमित नहीं हैं। इनमें वेतनमान, पुराने मामलों के समाधान और पुरानी पेंशन जैसी मांगें शामिल हैं, जिनका सीधा संबंध शिक्षकों के भविष्य और सम्मान से है।
शिक्षकों ने सरकार से मांगों पर ठोस पहल करने की अपील की। संघ की ओर से यह भी कहा गया कि यदि मांगों पर सरकार की तरफ से सकारात्मक और ठोस कदम नहीं उठाया गया तो आंदोलन को आगे जारी रखने पर विचार किया जाएगा।
फिलहाल भागलपुर में हुए इस एक दिवसीय धरने के जरिए शिक्षकों ने अपनी मांगों को लेकर सरकार के सामने अपनी बात रखी।
भागलपुर से रिपोर्टर: शयामानंद सिह