80 वर्ष से अधिक उम्र के बुजुर्गों को घर बैठे जमीन रजिस्ट्री की सुविधा, नीतीश सरकार का बड़ा फैसला

Puja Srivastav
- Advertisements -
Your Brand Here
Limited time offer
Advertise Now →

NEWS PR डेस्क : राज्य में 20 नवंबर 2025 को नई सरकार के गठन के बाद बिहार को देश के सर्वाधिक विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल करने के लक्ष्य के तहत सात निश्चय-3 के कार्यक्रमों को तेजी से लागू किया जा रहा है। इसी कड़ी में सात निश्चय-3 के सातवें निश्चय ‘सबका सम्मान–जीवन आसान (Ease of Living)’ के तहत मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आम लोगों, खासकर बुजुर्गों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए एक अहम पहल की घोषणा की है।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपने X (पूर्व में ट्विटर) पोस्ट के जरिए बताया कि 80 वर्ष या उससे अधिक आयु के वृद्धजनों को जमीन या फ्लैट की रजिस्ट्री के दौरान होने वाली परेशानियों को खत्म करने के लिए सरकार ने रजिस्ट्री प्रक्रिया को और सरल बनाने का निर्णय लिया है।

80+ बुजुर्गों को घर बैठे मिलेगी रजिस्ट्री सेवा

- Advertisements -
Your Brand Here
Limited time offer
Advertise Now →

नई व्यवस्था के तहत राज्य के ऐसे वृद्धजन जिनकी उम्र 80 वर्ष या उससे अधिक है, यदि वे जमीन या फ्लैट की रजिस्ट्री कराना चाहते हैं, तो आवश्यकता पड़ने पर उन्हें घर बैठे निबंधन से जुड़ी सभी सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इसके लिए मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन विभाग द्वारा चलंत निबंधन इकाई (Mobile Registration Unit) के माध्यम से तय समय-सीमा के भीतर दस्तावेजों का निबंधन किया जाएगा। इसके लिए आवेदक ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे।

सरकार ने स्पष्ट किया है कि संबंधित विभाग द्वारा जमीन या फ्लैट की रजिस्ट्री की पूरी प्रक्रिया 7 कार्य दिवस के अंदर सुनिश्चित की जाएगी।

रजिस्ट्री से पहले मिलेगी जमीन की अद्यतन जानकारी

मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि अक्सर जमीन खरीदने वाले लोगों को भूमि की अद्यतन स्थिति की जानकारी नहीं मिल पाती, जिससे उन्हें बाद में परेशानी होती है। इसे दूर करने के लिए अब रजिस्ट्री से पहले जमीन से जुड़ी अपडेटेड जानकारी उपलब्ध कराने की व्यवस्था की जा रही है। इस नई प्रणाली के तहत आवेदक के अनुरोध पर निबंधन विभाग अंचल कार्यालय से भूमि की ताजा स्थिति की जानकारी प्राप्त कर क्रेता और विक्रेता को उपलब्ध कराएगा। इससे जमीन से जुड़े विवादों और भ्रम की स्थिति में कमी आने की उम्मीद है।

1 अप्रैल 2026 से लागू होंगी नई व्यवस्थाएं

मुख्यमंत्री ने बताया कि इन सभी व्यवस्थाओं को 1 अप्रैल 2026 से प्रभावी रूप से लागू करने के निर्देश संबंधित विभागों के अधिकारियों को दे दिए गए हैं।
नीतीश कुमार ने विश्वास जताया कि यह पहल 80 वर्ष या उससे अधिक उम्र के वृद्धजनों के लिए बेहद उपयोगी साबित होगी और उनके दैनिक जीवन को काफी आसान बनाएगी। साथ ही, भूमि की अद्यतन जानकारी उपलब्ध कराने की व्यवस्था से आम नागरिकों को भी बड़ा लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री ने आम जनता से इस व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए 19 जनवरी 2026 तक अपने सुझाव देने की अपील भी की है।

- Advertisements -
Your Brand Here
Limited time offer
Advertise Now →
Share This Article