NEWS PR डेस्क: मुजफ्फरपुर, 5 अप्रैल। प्रशासनिक जवाबदेही और कार्यप्रणाली में सुधार के उद्देश्य से तिरहुत प्रमंडल के आयुक्त गिरिवर दयाल सिंह ने शनिवार देर रात अहियापुर थाना का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कर्तव्य में लापरवाही और प्रोटोकॉल उल्लंघन सामने आने पर तीन पुलिसकर्मियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करते हुए उन्हें लाइन हाजिर करने का निर्देश दिया गया।
दरअसल, आयुक्त को अहियापुर थाना में शिकायतकर्ताओं के साथ अमर्यादित व्यवहार की शिकायत मिली थी। शिकायत के सत्यापन के बाद उन्होंने स्वयं मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान अवर निरीक्षक जय प्रकाश और सिपाही (थाना मैनेजर) चंदन कुमार ड्यूटी के समय बिना वर्दी और अव्यवस्थित स्थिति में पाए गए। इसे गंभीर अनुशासनहीनता मानते हुए दोनों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई का निर्देश दिया गया।
वहीं, निरीक्षण के दौरान थानाध्यक्ष की अनुपस्थिति को लेकर पूछताछ में अवर निरीक्षक प्रमोद प्रसाद ने बताया कि वे क्षेत्र भ्रमण पर हैं। लेकिन आयुक्त द्वारा की गई दूरभाष वार्ता में यह स्पष्ट हुआ कि थानाध्यक्ष विधिवत अवकाश पर हैं। उच्चाधिकारी को भ्रामक जानकारी देने को गंभीर कदाचार मानते हुए संबंधित अवर निरीक्षक के खिलाफ भी कार्रवाई करते हुए उन्हें लाइन हाजिर करने का निर्देश दिया गया।
निरीक्षण के दौरान आयुक्त ने थाना के कार्य संचालन, अभिलेख संधारण और लंबित मामलों की समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिया कि सभी रिकॉर्ड अद्यतन और व्यवस्थित रखे जाएं तथा मामलों का त्वरित निष्पादन सुनिश्चित किया जाए। भूमि विवाद से जुड़े मामलों में प्रत्येक शनिवार को अंचलाधिकारी के साथ नियमित सुनवाई की व्यवस्था की भी जानकारी ली गई।
आयुक्त ने थाना परिसर में साफ-सफाई और बुनियादी सुविधाओं का जायजा लेते हुए इसे बेहतर बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि थाना परिसर ऐसा होना चाहिए जहां आम लोगों को सुरक्षित और स्वच्छ वातावरण का अनुभव हो। साथ ही महिला हेल्प डेस्क की समीक्षा करते हुए महिला संबंधित मामलों में संवेदनशीलता और त्वरित कार्रवाई पर जोर दिया।
उन्होंने पुलिस पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि अपराध नियंत्रण के लिए नियमित गश्ती बढ़ाई जाए और असामाजिक तत्वों पर कड़ी नजर रखी जाए। विधि-व्यवस्था बनाए रखने में किसी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
आयुक्त ने स्पष्ट कहा कि पुलिस प्रशासन की प्राथमिकता आम नागरिकों की समस्याओं का समयबद्ध समाधान और शिकायतकर्ताओं के साथ शिष्ट एवं संवेदनशील व्यवहार होना चाहिए। निरीक्षण के अंत में उन्होंने सभी पुलिस कर्मियों को अपने कर्तव्यों के प्रति सजग और जवाबदेह रहने का निर्देश दिया।