NEWS PR डेस्क:नीट पेपर लीक मामले और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर राजधानी पटना में बुधवार को छात्रों का प्रदर्शन हिंसक हो गया। राजभवन मार्च के दौरान प्रदर्शनकारी छात्रों और पुलिस के बीच कई स्थानों पर झड़प हुई, जिसमें दोनों पक्षों के कई लोग घायल हो गए। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने लाठीचार्ज, वॉटर कैनन और आंसू गैस का इस्तेमाल किया।

घटनाक्रम के बाद छात्र संगठन AISA ने गुरुवार से गांधी मैदान में अनिश्चितकालीन धरना शुरू करने की घोषणा की है। संभावित प्रदर्शन को देखते हुए पटना समेत पूरे बिहार में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। पुलिस हाई अलर्ट पर है और संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त बल तैनात किया गया है।
इधर, बुधवार देर रात पटना यूनिवर्सिटी छात्र संघ के अध्यक्ष सुशांत शेखर को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। जानकारी के अनुसार, यह कार्रवाई रात करीब दो बजे की गई।
बुधवार सुबह करीब 10 बजे बड़ी संख्या में छात्र गांधी मैदान से राजभवन मार्च के लिए निकले। जेपी गोलंबर के पास पुलिस ने बैरिकेडिंग कर उन्हें रोकने का प्रयास किया, लेकिन प्रदर्शनकारी बैरिकेडिंग पार कर आगे बढ़ गए। इसके बाद स्थिति तनावपूर्ण हो गई और पुलिस ने लाठीचार्ज किया।
इसके बाद डाकबंगला चौराहे पर भी छात्रों को रोकने का प्रयास किया गया। यहां पुलिस ने वॉटर कैनन और आंसू गैस के गोले छोड़े। इसके बावजूद प्रदर्शन जारी रहा और कुछ स्थानों पर प्रदर्शन उग्र हो गया। इस दौरान छात्रों और पुलिस के बीच झड़प तथा पत्थरबाजी हुई, जिसमें कई छात्र और पुलिसकर्मी घायल हो गए।
फिलहाल राजधानी में स्थिति पर प्रशासन की कड़ी नजर है। गुरुवार को प्रस्तावित धरने और संभावित प्रदर्शनों को देखते हुए पुलिस ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं।
