बाढ़ पीड़ितों की बदहाली की तस्वीर! राशन बांटने पहुंची JDU नेत्री की गाड़ी से ही पैकेट ले गए लोग

Shreya Raj
बाढ़ पीड़ितों के बीच राहत राशन बांटने पहुंची जेडीयू नेत्री की गाड़ी से पैकेट लेने के लिए उमड़ी लोगों की भीड़।

कटिहार में बाढ़ की त्रासदी के बीच राहत वितरण के दौरान हैरान करने वाली तस्वीर सामने आई है। कुर्सेला प्रखंड में बाढ़ पीड़ितों के बीच सूखा राशन बांटने पहुंची जेडीयू नेत्री की गाड़ी से ही लोगों ने राशन के पैकेट उतार लिए। हालात ऐसे बने कि राहत सामग्री का औपचारिक वितरण शुरू होने से पहले ही लोग राशन लेने के लिए गाड़ी के पास टूट पड़े। इस घटना का वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनी हुई हैं।

कुर्सेला रेलवे ढाला के पास करीब 200 परिवार पॉलिथीन के नीचे रहने को मजबूर

जानकारी के अनुसार, घटना कुर्सेला रेलवे ढाला के पास की है। यहां करीब 200 बाढ़ पीड़ित परिवार पॉलिथीन के नीचे रहने को मजबूर हैं। बाढ़ के कारण इन परिवारों के सामने भोजन और रहने की गंभीर समस्या बनी हुई है। इसी को देखते हुए स्थानीय मुखिया और कटिहार जिला जेडीयू महिला प्रकोष्ठ की अध्यक्ष प्रीतम कुशवाहा इन परिवारों के लिए अपनी गाड़ी से सूखा राशन लेकर पहुंचीं थीं।

गाड़ी के रुकते ही बड़ी संख्या में बाढ़ पीड़ित उसके आसपास जमा हो गए। जैसे ही गाड़ी की डिक्की खोली गई, लोगों ने राशन के पैकेट निकालने शुरू कर दिए। देखते ही देखते लोगों के हाथों में राशन के पैकेट पहुंच गए और गाड़ी लगभग खाली हो गई। इस दौरान राशन वितरण की शुरुआत करने या लोगों को कतार में लगाने का मौका भी नहीं मिल सका।

राशन के लिए लोगों के टूट पड़ने से सामने आई बाढ़ पीड़ितों की मजबूरी

पूरे घटनाक्रम को देखकर जेडीयू नेत्री प्रीतम कुशवाहा भी बाढ़ पीड़ितों की स्थिति को बेहद चिंताजनक मानती हैं। उनका कहना है कि जिस तरह लोग राशन लेने के लिए गाड़ी पर टूट पड़े, उससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि कई दिनों से उन्हें पर्याप्त भोजन नहीं मिल पा रहा है।

उन्होंने कहा कि बाढ़ के कारण प्रभावित परिवारों का जीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। लोगों को भोजन, आवास और जरूरी सामान के लिए दूसरों पर निर्भर रहना पड़ रहा है। राहत सामग्री की जरूरत इतनी अधिक है कि राशन पहुंचते ही लोग उसे लेने के लिए आगे आ गए।

राहत सामग्री की पर्याप्त व्यवस्था की जरूरत

कुर्सेला रेलवे ढाला के पास रहने वाले बाढ़ पीड़ित परिवारों की स्थिति प्रशासन के लिए भी चिंता का विषय है। पॉलिथीन के नीचे रह रहे इन परिवारों को नियमित भोजन, पीने का पानी, दवा और अन्य जरूरी सुविधाओं की जरूरत है। घटना ने यह भी सवाल खड़ा किया है कि बाढ़ प्रभावित लोगों तक राहत सामग्री कितनी मात्रा में और किस व्यवस्था के तहत पहुंच रही है।

फिलहाल, राशन की गाड़ी से लोगों द्वारा पैकेट उतारने की तस्वीर बाढ़ पीड़ितों की मजबूरी और बदहाली को सामने ला रही है।

कटिहार से रिपोर्टर: रतन कुमार

Share This Article