NEWS PR डेस्क: बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ निगरानी अन्वेषण ब्यूरो (Vigilance Investigation Bureau) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जहानाबाद जिले के पंडौल पंचायत के मुखिया नन्दकिशोर राम को 12 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। गिरफ्तारी शकुराबाद बाजार स्थित नेहालपुर मोड़ के पास मुख्य सड़क पर की गई।

निगरानी ब्यूरो के अनुसार, पोखवां गांव निवासी प्रमोद कुमार ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उन्होंने और उनकी बहू ने मनरेगा की दो योजनाओं में मजदूरी और मेठ का कार्य किया था। दोनों योजनाओं के तहत करीब 1.64 लाख रुपये का भुगतान हो चुका था। आरोप है कि भुगतान के बाद मुखिया नन्दकिशोर राम ने कमीशन के नाम पर 12 हजार रुपये रिश्वत की मांग की।

शिकायत मिलने के बाद निगरानी ब्यूरो ने मामले का सत्यापन कराया, जिसमें रिश्वत मांगने के आरोप सही पाए गए। इसके बाद निगरानी थाना कांड संख्या 89/26 दर्ज कर डीएसपी रंजीत कुमार निराला के नेतृत्व में ट्रैप टीम का गठन किया गया।
पूर्व नियोजित कार्रवाई के तहत टीम ने आरोपी मुखिया को 12 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के बाद उन्हें विशेष निगरानी न्यायालय, पटना में पेश किया जाएगा। मामले में आगे की जांच जारी है।
2026 में भ्रष्टाचार के खिलाफ लगातार कार्रवाई
निगरानी अन्वेषण ब्यूरो के मुताबिक, वर्ष 2026 में यह भ्रष्टाचार से जुड़ी 89वीं प्राथमिकी और 85वां ट्रैप केस है। अब तक 84 आरोपियों को रंगे हाथ गिरफ्तार किया जा चुका है और 30,25,800 रुपये की रिश्वत बरामद की गई है। वहीं, वर्ष 2025 में कुल 101 ट्रैप केस दर्ज हुए थे, जिनमें 37,80,300 रुपये की रिश्वत राशि बरामद हुई थी।
