NEWS PR डेस्क :बिहार की ऐतिहासिक और आध्यात्मिक विरासत को पर्यटन के नक्शे पर और मजबूत करने के लिए राज्य सरकार ने एक खास टूर पैकेज तैयार किया है। ‘ब्रांड बिहार’ अभियान के तहत शुरू किए जा रहे इस कार्यक्रम में पर्यटकों को तीन दिनों के भीतर बोधगया, राजगीर और नालंदा की सैर कराई जाएगी। पैकेज में परिवहन से लेकर ठहरने, भोजन और गाइड की सुविधा तक कई सेवाएं शामिल होंगी।

पर्यटन मंत्री केदार प्रसाद गुप्ता के मुताबिक, बिहार के धार्मिक, ऐतिहासिक और सांस्कृतिक स्थलों को देश-विदेश के यात्रियों तक पहुंचाना सरकार की प्रमुख योजनाओं में है। इसी कड़ी में यात्रियों के लिए सुविधाजनक और समयबद्ध पर्यटन कार्यक्रम तैयार किए जा रहे हैं।
पहले दिन बोधगया का आध्यात्मिक सफर
यात्रा की शुरुआत पटना से होगी। रास्ते में नाश्ते की व्यवस्था के बाद दल बोधगया पहुंचेगा। यहां महाबोधि मंदिर, बोधिवृक्ष और विशाल बुद्ध प्रतिमा जैसे प्रमुख आकर्षण देखे जाएंगे। इसके अलावा बौद्ध मठों, पुरातत्व संग्रहालय और सुजाता गढ़ का भी भ्रमण कराया जाएगा। दिन के अंत में होटल में भोजन और रात में ठहरने की व्यवस्था होगी।
दूसरे दिन राजगीर के इतिहास और प्रकृति से परिचय
अगले दिन यात्रा राजगीर की ओर बढ़ेगी। विश्व शांति स्तूप और घोड़ा कटोरा के बाद पर्यटकों को वेणुवन, पांडु पोखर, सोन भंडार, बिंबिसार जेल, मणियार मठ और साइक्लोपियन वॉल जैसे स्थलों की जानकारी दी जाएगी। गर्म जलस्रोत भी यात्रा का हिस्सा होंगे। वहीं शाम के नाश्ते के बाद होटल में रात्रिभोज और ठहरने की व्यवस्था रहेगी।
तीसरे दिन नालंदा की ज्ञान परंपरा
अंतिम दिन पर्यटक नालंदा पहुंचेंगे। प्राचीन नालंदा विश्वविद्यालय के खंडहर, संग्रहालय और ह्वेनसांग स्मृति भवन का भ्रमण होगा। यहां से यात्रा बिहार की प्राचीन शिक्षा और ज्ञान परंपरा की झलक दिखाते हुए पटना वापसी के साथ पूरी होगी। पैकेज में यात्रा, होटल, भोजन, प्रशिक्षित गाइड, पर्यटन पुलिस की सहायता और प्रमुख स्मारकों की प्रवेश फीस जैसी सुविधाएं शामिल रहेंगी।