NEWS PR डेस्क: बिहार में अपराध को लेकर केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान के हालिया बयान के बाद राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। चिराग पासवान ने रविवार (27 सितंबर 2026) को बिहार में अपराध की स्थिति पर चिंता जताते हुए कहा था कि उन्हें ऐसी सरकार का समर्थन करने पर दुख है, जहां अपराध बेलगाम हो चुका है।

चिराग पासवान के इस बयान के बाद अब उनके इस्तीफे की मांग उठ रही है। आरजेडी नेता रोहिणी आचार्य ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर चिराग पासवान पर निशाना साधा और पूछा कि वह इस्तीफा देने के लिए किस ‘शुभ मुहूर्त’ का इंतजार कर रहे हैं। उन्होंने अपने एक्स पोस्ट में कहा है कि शर्म का बोझ उठाकर भी सत्ता का हिस्सा बने रहना कोई चिराग पासवान से सीखे। बहन-बेटियों की सुरक्षा के लिए पूरी तरह से असुरक्षित हो चुके बिहार की वजह से जब सरकार का हिस्सा होने में उन्हें शर्मिंदगी महसूस हो ही रही है तो इस्तीफा देने की हिम्मत कौन से मुहूर्त के इंतजार में रुकी हुई है?
रोहिणी आचार्य ने चिराग पर साधा निशाना
उन्होंने चिराग पासवान पर निशाना साधते हुए उनके बयान को ‘ड्रामा’ बताया और कहा कि केवल बयान देकर दुख जताने के बजाय उन्हें अपने पद को लेकर फैसला करना चाहिए। रोहिणी आचार्य ने यह भी सवाल उठाया कि अगर परिस्थितियां उनके लिए ‘असहज, असहनीय और शर्मिंदगी भरी’ हैं, तो क्या वह इस्तीफा देने के लिए किसी एनओसी का इंतजार कर रहे हैं।
जन सुराज ने भी की इस्तीफे की मांग
चिराग पासवान के बयान के बाद प्रशांत किशोर की पार्टी जन सुराज की ओर से भी उनके इस्तीफे की मांग की गई है। पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता कुमार सौरभ सिंह ने चिराग पासवान के बयान को एक्स पर साझा करते हुए बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को लेकर सवाल उठाया और तत्काल इस्तीफे की मांग की।
क्या कहा था चिराग पासवान ने?
बिहार में अपराध की स्थिति पर प्रतिक्रिया देते हुए चिराग पासवान ने सरकार के कामकाज को लेकर अपनी चिंता जाहिर की थी। उनके बयान के बाद बिहार की कानून-व्यवस्था को लेकर राजनीतिक बहस फिर तेज हो गई है। अब चिराग पासवान के बयान पर विपक्षी नेताओं और राजनीतिक दलों की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।