करोड़ों के बहुमूल्य जेवरात बैंक के बोल्ट से गायब, दरभंगा महाराज के पौत्र के आवेदन पर गायब समान बरामद।

Patna Desk
- Advertisements -
Your Brand Here
Limited time offer
Advertise Now →

 

दरभंगा – बिहार के दरभंगा राज परिवार द्वारा संचालित कामेश्वर रिलिजियस ट्रस्ट के 108 मंदिरों के देवी देवताओं के बहुमूल्य जेवरात भारतीय स्टेट बैंक के बोल्ट से गायब होने की सूचना के बाद दरभंगा राज परिवार में खलबली मच गई। आनन फानन में दरभंगा महाराज सर कामेश्वर सिंह के पौत्र कुमार कपिलेश्वर सिंह ने इस बात की लिखित सूचना विश्वविद्यालय थाना में की। आवेदन मिलते ही दरभंगा पुलिस ने त्वरित कारवाई करते हुए ट्रस्ट के मैनेजर विष्णु कुमार मिश्र एवं उदय नाथ झा को गिरफ्तार कर पूछताछ की। जिसके बाद गिरफ्तार आरोपी के निशानदेही पर दरभंगा टावर स्थित स्वर्ण व्यवसाई शत्रुघ्न लाल को गिरफ्तार कर गायब सामान को जप्त कर कारवाई में जुट गईं है।

वही कामेश्वर सिंह के पौत्र कुमार कपिलेश्वर सिंह ने अपने आवेदन में कहा है कि महारानी कामसुंदरी देवी के एटॉनों उदयनाथ झा उर्फ विष्णु और कामेश्वर रिलिजियस ट्रस्ट के प्रबंधक केदारनाथ मिश्र एवं अन्य के द्वारा साजिश कर उक्त बोल्ट में रखे गए जेवरातों को निकालकर बेच दिया गया है। साथ ही यह भी जानकारी मिली है कि उक्त घटना को 15 से 20 दिन पहले ही अंजाम दिया गया है। महारानी अब काफी वृद्ध हो चुकी है। जिसके कारण वे अपने होशो हवास में प्रायः नहीं रहती है। जिसका नाजायज फायदा उठाकर उपरोक्त उदयनाथ झा ने कामेश्वर रिलिजियस ट्रस्ट के देवी देवताओं के मंदिर के करोड़ों की बेशकीमती संपत्ति को बेच दिया है।

- Advertisements -
Your Brand Here
Limited time offer
Advertise Now →

 

वही कामेश्वर सिंह के पौत्र कुमार कपिलेश्वर सिंह ने अपने आवेदन में कहा है कि कामेश्वर रिलिजियस ट्रस्ट के बायोलॉज के अनुसार यदि ट्रस्ट जिसकी वर्तमान में एकमात्र ट्रस्टी महारानी है के द्वारा सही ढंग से कामेश्वर रिलिजियस ट्रस्ट का कार्य नहीं किया जाता है तो राज परिवार के किसी भी पुरुष सदस्य के द्वारा इस मामले को उठाया जा सकता है और इसी नियम के तहत में जिला प्रशासन को उपरोक बातों की सूचना दे रहा हूं। ताकि देवी देवताओं के बहुमुल्य जेवरातों की बरामदगी की जा सके और दोषियों को उचित सजा मिल सके।

 

वही कुमार कपिलेश्वर सिंह ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि हमलोग का एक ट्रस्ट है। जिसे सर कामेश्वर सिंह ने बनाया था। जिसके अंदर 108 मंदिर पूरे विश्व में बनाया गया है। जिसके अंदर मंदिर, पोखर, जमीन और ऑर्नेमेंट्स भी है। जिसे ट्रस्ट के ट्रस्टीज के द्वारा SBI के लॉकर में रख दिया गया था। मुझे पता चला की मैनेजर और उदय नाथ झा लॉकर खोलकर आभूषण निकालकर बेच दिया गया है। सूचना मिलने के बाद मैं दरभंगा आया हूँ। मेनेजर से बात किया तो उन्होंने स्वीकार है की मुझे उदय नारायण झा ने कहा था। जिसके बाद मैने FIR करने के लिए आवदेन दिया है। वही उन्होंने कहा की ये बहुत बड़ा घोटाला है। इसमें सीबीआई जांच होनी चाहिए। ED इंक्वायरी होना चाहिए। इसमें कौन कौन लिप्त है।

 

वही सदर एसडीपीओ अमित कुमार ने बताया की यूनिवर्सिटी थाना मे दरभंगा राज परिवार के कपिलेश्वर सिंह के द्वारा मामला दर्ज कराया गया है। जिसकी कांड संख्या 34/24 है। आवेदन में उनके द्वारा कहा गया है की उनके परिवार से जुड़े हुए उनके प्रबंधक ने फर्जी तरीके से करोड़ों रुपए मूल्य के हीरे जवाहरात और कुछ एंटीक आइटम जो बैंक के लॉकर में रखे थे। उन्हें अवैध तरीके से महारानी के बूढ़े होने का फायदा उठाते हुए कही बेच दिया है। उन्होंने कहा की मामले को संज्ञान में लेते हुए तत्काल ही पुछताछ की गई और तकनीकी अनुसंधान करते हुए रेड किए गए। मामले के दर्ज होने के एक घंटे के भीतर काफी मात्रा में जो माल बेचा गया था वो बरामद हुआ है। एक स्वर्ण कार को हिरासत में लिया गया है। और पूछताछ की जा रही है। अभी 3 लोग गिरफ्तार हुए है। बाकी मामले की जांच की जा रही है।

- Advertisements -
Your Brand Here
Limited time offer
Advertise Now →
Share This Article