NEWS PR डेस्क: पटना/पूर्णिया, 12 मार्च 2026। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने समृद्धि यात्रा के क्रम में गुरुवार को पूर्णिया स्थित इंदिरा गांधी स्टेडियम में जिले से संबंधित विभिन्न विकासात्मक और कल्याणकारी योजनाओं की समीक्षा की। बैठक में अधिकारियों से प्रगति यात्रा के दौरान घोषित योजनाओं के क्रियान्वयन की स्थिति की जानकारी ली गई।
समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी अंशुल कुमार ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से मुख्यमंत्री को प्रगति यात्रा से जुड़ी योजनाओं, सात निश्चय-2 और सात निश्चय-3 के तहत चल रहे कार्यों की विस्तृत जानकारी दी। साथ ही जिले में चल रहे अन्य विकास कार्यों की प्रगति से भी अवगत कराया।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रगति यात्रा के दौरान जिन योजनाओं को स्वीकृति दी गई है, उनका क्रियान्वयन तेजी से किया जाए। उन्होंने कहा कि सात निश्चय-2 की योजनाओं को बेहतर ढंग से लागू किया जाए और सात निश्चय-3 के तहत निर्धारित योजनाओं पर भी तेजी से काम शुरू किया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि 20 नवंबर 2025 को नई सरकार के गठन के बाद राज्य को देश के सर्वाधिक विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल करने के लक्ष्य के साथ सात निश्चय-3 कार्यक्रम लागू किया गया है। इसके तहत ‘सबका सम्मान-जीवन आसान’ (Ease of Living) का उद्देश्य लोगों के दैनिक जीवन की कठिनाइयों को कम करना और उनकी जीवन शैली को आसान बनाना है।
उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य है कि सभी लोगों को सम्मान मिले और उनका जीवन सुगम हो। इसके लिए सभी अधिकारियों को संवेदनशीलता के साथ योजनाओं का क्रियान्वयन सुनिश्चित करना होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने अगले पांच वर्षों में एक करोड़ युवाओं को नौकरी और रोजगार देने का लक्ष्य रखा है। इसके लिए उद्योगों को बढ़ावा देने के साथ-साथ स्वरोजगार के अवसर भी बढ़ाए जा रहे हैं। उद्यमियों को विशेष आर्थिक पैकेज और विभिन्न सुविधाएं प्रदान की जा रही हैं, ताकि राज्य में अधिक से अधिक उद्योग स्थापित हो सकें।
उन्होंने कहा कि युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए स्टार्टअप नीति भी लागू की गई है, जिससे वे अपना रोजगार शुरू कर सकें और राज्य के विकास में योगदान दे सकें।
बैठक में उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, जल संसाधन एवं संसदीय कार्य मंत्री विजय कुमार चौधरी, खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री लेशी सिंह, ग्रामीण विकास एवं परिवहन मंत्री श्रवण कुमार, विकास आयुक्त मिहिर कुमार सिंह, अपर पुलिस महानिदेशक (मुख्यालय) सुनील कुमार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद थे।