बिहार में क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप की पहली उच्चस्तरीय बैठक, मुख्य सचिव ने अधिकारियों को किया अलर्ट

Amit Singh
- Advertisements -
Your Brand Here
Limited time offer
Advertise Now →

NEWS PR डेस्क: पटना, 30 मार्च 2026: बिहार में आवश्यक वस्तुओं की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने और संभावित संकट से निपटने के लिए राज्य सरकार ने सक्रिय कदम उठाए हैं। मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत की अध्यक्षता में क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप (CMG) की पहली उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई, जिसमें कई अहम निर्णय लिए गए।

करीब डेढ़ घंटे तक चली इस बैठक में विकास आयुक्त, गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव, पुलिस महानिदेशक समेत कई विभागों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। सभी जिलों के डीएम, एसपी और प्रमंडलीय आयुक्त वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जुड़े। खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग को इस ग्रुप का नोडल विभाग बनाया गया है।

बैठक में मुख्य सचिव ने स्पष्ट निर्देश दिया कि अब CMG की बैठक हर सोमवार को नियमित रूप से होगी। उन्होंने राज्य में एलपीजी, पेट्रोल-डीजल और अन्य आवश्यक वस्तुओं की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने पर जोर दिया। जिन जिलों में गैस सिलेंडर की सप्लाई में बैकलॉग है, वहां के डीएम और एसपी को इसे तुरंत कम करने के निर्देश दिए गए।

- Advertisements -
Your Brand Here
Limited time offer
Advertise Now →

पीएनजी (PNG) कनेक्शन की धीमी प्रगति पर मुख्य सचिव ने नाराजगी जताई। उन्होंने बताया कि राज्य के 14 जिलों में इस दिशा में काम शून्य है, जिसे गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को तत्काल कार्ययोजना बनाकर प्रगति सुनिश्चित करने को कहा गया।

जमाखोरी और कालाबाजारी पर सख्त रुख अपनाते हुए मुख्य सचिव ने कहा कि ऐसे मामलों में जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाए। दोषियों के खिलाफ तुरंत प्राथमिकी दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी, खासकर सीमावर्ती जिलों में विशेष सतर्कता बरतने को कहा गया है।

प्रवासी श्रमिकों के लिए भी सरकार ने विशेष पहल की है। श्रम संसाधन विभाग को निर्देश दिया गया है कि जल्द से जल्द एक टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर जारी किया जाए, ताकि बाहर से लौट रहे श्रमिकों को जरूरी जानकारी और सहायता मिल सके। साथ ही जिलाधिकारियों को प्रवासी मजदूरों का सटीक डेटा तैयार करने को कहा गया है।

मुख्य सचिव ने सभी जिलाधिकारियों को रोजाना शाम 3 बजे प्रेस वार्ता करने का निर्देश दिया, ताकि जनता तक सही जानकारी पहुंचे और अफवाहों पर रोक लगाई जा सके। साथ ही सोशल मीडिया पर फैल रही फर्जी खबरों का तत्काल खंडन करने को भी कहा गया।

इसके अलावा, सभी प्रभारी सचिवों और प्रमंडलीय आयुक्तों को अगले दो दिनों के भीतर जिलों का दौरा कर जमीनी स्थिति की समीक्षा करने का निर्देश दिया गया है।

सरकार के इन फैसलों से स्पष्ट है कि राज्य किसी भी संभावित संकट से निपटने के लिए पूरी तरह सतर्क है और आमजन को राहत देने के लिए हर स्तर पर सक्रियता बढ़ा दी गई है।

- Advertisements -
Your Brand Here
Limited time offer
Advertise Now →
Share This Article