NEWS PR डेस्क: पटना, 21 जून। नीट-यूजी री-एग्जाम में शामिल होने पटना पहुंचे हजारों अभ्यर्थियों के लिए महावीर मंदिर ने सेवा और सहयोग की मिसाल पेश की है। भीषण गर्मी और लू के बीच मंदिर प्रशासन ने परीक्षार्थियों तथा उनके अभिभावकों के लिए नि:शुल्क चना-सत्तू शर्बत की विशेष व्यवस्था की है, जिससे परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने वाले छात्रों को राहत मिल रही है।
महावीर स्थान न्यास समिति की ओर से मंदिर परिसर और आसपास कई वितरण केंद्र स्थापित किए गए हैं, जहां सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक लगातार ठंडा सत्तू शर्बत बांटा जा रहा है। गर्म मौसम के बीच यह व्यवस्था अभ्यर्थियों के लिए किसी राहत शिविर से कम नहीं दिख रही है।
मंदिर प्रशासन के अनुसार इस सेवा अभियान के लिए 1000 किलोग्राम से अधिक सत्तू का प्रबंध किया गया है। बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं और उनके परिजन शर्बत का सेवन कर गर्मी से राहत महसूस कर रहे हैं। परीक्षा के बाद पटना जंक्शन के रास्ते अपने घर लौटने वाले अभ्यर्थियों के लिए भी शर्बत की व्यवस्था की गई है, ताकि यात्रा के दौरान उन्हें लू और गर्मी का सामना कम करना पड़े।

सत्तू वितरण अभियान की निगरानी नैवेद्यम लड्डू प्रभारी आर. शेषाद्री कर रहे हैं। वहीं, महावीर स्थान न्यास समिति के सचिव सायण कुणाल ने बताया कि इस पहल का उद्देश्य केवल जलपान कराना नहीं, बल्कि अभ्यर्थियों को परीक्षा से पहले तरोताजा और ऊर्जावान बनाए रखना है, ताकि वे पूरी एकाग्रता और आत्मविश्वास के साथ परीक्षा दे सकें।
गौरतलब है कि बिहार की पारंपरिक पेय सामग्री सत्तू को गर्मी से बचाव और ऊर्जा का बेहतरीन स्रोत माना जाता है। ऐसे में महावीर मंदिर की यह पहल न केवल सामाजिक सेवा का उदाहरण बन रही है, बल्कि प्रतियोगी परीक्षाओं में शामिल युवाओं के प्रति संवेदनशीलता का भी संदेश दे रही है।
बता दें कि NEET परीक्षा पहले 3 जून को आयोजित हुई थी। लेकिन पेपर लीक मामले के बाद प्रभावित अभ्यर्थियों के लिए दोबारा परीक्षा कराने का फैसला लिया गया। इसी के तहत रविवार को री-एग्जाम कराया जा रहा है। री-एग्जाम के लिए प्रश्नपत्र 16 जून को वायु सेना के विशेष विमान से पटना एयरपोर्ट लाया गया था। इसके बाद सुरक्षा व्यवस्था के बीच प्रश्नपत्र संबंधित अधिकारियों को सौंपा गया। पटना के अलावा दरभंगा और गया में भी प्रश्नपत्र सुरक्षित पहुंचाए गए।
