NEWS PR डेस्क: मुजफ्फरपुर, 03 जून। श्रावणी मेला 2026 के सफल और व्यवस्थित आयोजन को लेकर मुजफ्फरपुर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जिलाधिकारी कुमार गौरव और वरीय पुलिस अधीक्षक कांतेश मिश्रा ने समाहरणालय सभागार में संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। बैठक के बाद दोनों अधिकारियों ने फकुली मोड़ से बाबा गरीबनाथ मंदिर तक श्रद्धालुओं के मार्ग और मंदिर परिसर का निरीक्षण कर आवश्यक निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि श्रावण माह में बाबा गरीबनाथ मंदिर में जलाभिषेक और दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। ऐसे में उनकी सुरक्षा, सुविधा और सुगम आवागमन सुनिश्चित करना जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ तय समय सीमा में तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए।
भीड़ प्रबंधन को लेकर प्रशासन विशेष रूप से सतर्क रहेगा। इसके लिए मेला क्षेत्र में पर्याप्त बैरिकेडिंग, प्रवेश और निकास मार्गों की अलग-अलग व्यवस्था, संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल और दंडाधिकारियों की तैनाती सुनिश्चित करने को कहा गया है।
यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए व्यापक ट्रैफिक प्लान लागू किया जाएगा। पार्किंग स्थलों का चयन, वाहनों की व्यवस्थित पार्किंग, आवश्यकतानुसार रूट डायवर्जन तथा प्रमुख स्थानों पर दिशा-निर्देश संबंधी संकेतक लगाने के निर्देश भी दिए गए हैं, ताकि श्रद्धालुओं और आम लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।

स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर भी प्रशासन ने व्यापक तैयारी के निर्देश दिए हैं। मेला क्षेत्र और विश्राम स्थलों पर मेडिकल कैंप लगाए जाएंगे, जहां चिकित्सक, नर्सिंग स्टाफ, एम्बुलेंस, आवश्यक दवाएं और जीवनरक्षक उपकरण उपलब्ध रहेंगे। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए कंट्रोल रूम को पूरे मेले के दौरान 24 घंटे सक्रिय रखने का निर्णय लिया गया है।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने फकुली मोड़ से बाबा गरीबनाथ मंदिर तक के मार्ग पर स्वच्छ पेयजल, अस्थायी शौचालय, विश्राम स्थल, बेहतर प्रकाश व्यवस्था, निर्बाध बिजली आपूर्ति और नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए।
बैठक में टीबी मुक्त भारत अभियान की भी समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिया कि मेले के दौरान संभावित टीबी मरीजों की पहचान, जांच और उपचार के लिए विशेष टीमों का गठन किया जाए। साथ ही अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में दवाओं की उपलब्धता तथा चिकित्सकों की सक्रिय मौजूदगी सुनिश्चित करने को कहा गया।
जिलाधिकारी कुमार गौरव ने स्पष्ट किया कि श्रावणी मेला के दौरान किसी भी विभाग की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि सभी विभाग समन्वय के साथ कार्य करें, ताकि श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और सुविधाजनक वातावरण उपलब्ध कराया जा सके तथा श्रावणी मेला 2026 का सफल आयोजन सुनिश्चित हो।
