राजगीर में शुरू हुआ विश्वप्रसिद्ध मलमास मेला, मुख्यमंत्री ने किया उद्घाटन; भक्ति और आस्था से सराबोर हुआ पूरा ब्रह्मकुंड परिसर

Amit Singh

NEWS PR डेस्क: नालंदा, 17 मई। राजगीर की पावन धरती पर रविवार से विश्वप्रसिद्ध मलमास (पुरुषोत्तम) मेले का विधिवत आगाज हो गया। एक महीने तक चलने वाले इस आध्यात्मिक महापर्व का उद्घाटन बिहार के मुख्यमंत्री Samrat Choudhary ने ब्रह्मकुंड परिसर में वैदिक मंत्रोच्चार, पूजा-अर्चना और ध्वजारोहण के साथ किया। उद्घाटन के दौरान पूरा क्षेत्र हर-हर महादेव और वैदिक मंत्रों की गूंज से भक्तिमय हो उठा।

इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री Vijay Kumar Choudhary, ग्रामीण विकास मंत्री Shravan Kumar समेत कई जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मलमास के दौरान 33 कोटि देवी-देवताओं का वास राजगीर में माना जाता है। इसी आस्था के कारण 17 मई से 15 जून तक देशभर से लाखों श्रद्धालु यहां पहुंचकर ब्रह्मकुंड और अन्य गर्म जलकुंडों में स्नान कर पुण्य अर्जित करते हैं। सनातन परंपरा में यह विश्वास है कि इस काल में स्नान, दान और भगवान विष्णु की आराधना करने से अक्षय पुण्य की प्राप्ति होती है।

मलमास मेले में ब्रह्मकुंड के साथ वैतरणी नदी भी श्रद्धालुओं की विशेष आस्था का केंद्र बनी हुई है। मान्यता है कि इस अवधि में गया में पिंडदान नहीं किया जाता, क्योंकि देवी-देवता और पितर राजगीर में निवास करते हैं। इसलिए श्रद्धालु वैतरणी तट पर पिंडदान और तर्पण कर पूर्वजों की आत्मा की शांति के लिए पूजा-अनुष्ठान कर रहे हैं।

मेले के दौरान चार प्रमुख शाही स्नान भी आयोजित होंगे, जिनमें देशभर से साधु-संत, अखाड़ों के महंत और नागा साधु शामिल होंगे। प्रशासन ने उनके स्वागत और सुरक्षा के लिए विशेष इंतजाम किए हैं।

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि राजगीर की यह परंपरा भारतीय सनातन संस्कृति की अमूल्य धरोहर है। उन्होंने श्रद्धालुओं को भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार मेले में आने वाले हर श्रद्धालु की सुरक्षा और सुविधा के लिए पूरी तरह सजग है।

इस बार प्रशासन ने मेले को लेकर व्यापक तैयारियां की हैं। श्रद्धालुओं के लिए टेंट सिटी, चिकित्सा शिविर, शुद्ध पेयजल, सस्ती भोजन व्यवस्था और गर्मी से राहत के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं। वहीं सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए पूरे मेला क्षेत्र में बैरिकेडिंग और भीड़ नियंत्रण की विशेष व्यवस्था की गई है।

Share This Article