भागलपुर की जीवनरेखा माने जाने वाले विक्रमशिला सेतु पर उत्पन्न संकट को लेकर बिहार सरकार पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रही है। पुल के क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत और यातायात बहाली को लेकर तेजी से काम किया जा रहा है, जिससे आम लोगों को जल्द राहत मिलने की उम्मीद है। गुरुवार को पथ निर्माण मंत्री ने विभागीय अधिकारियों के साथ सेतु का पैदल निरीक्षण किया और स्थिति का विस्तृत जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने बॉर्डर रोड ऑर्गेनाइजेशन (BRO) द्वारा बनाए जा रहे बेली ब्रिज के निर्माण कार्य और उसमें इस्तेमाल हो रही सामग्री की गुणवत्ता की भी जांच की।

मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में सरकार इस पूरे मामले पर लगातार निगरानी बनाए हुए है और कार्य को तेज गति से आगे बढ़ाया जा रहा है। सरकार की ओर से जानकारी दी गई है कि अगले 10 से 15 दिनों के भीतर 3.25 मीटर चौड़े अस्थायी बेली ब्रिज पर हल्के वाहनों का परिचालन शुरू कर दिया जाएगा। इससे आम जनता को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। अधिकारियों के अनुसार, पहले चरण में अस्थायी बेली ब्रिज से यातायात बहाल किया जाएगा, जबकि दूसरे चरण में ट्रस तकनीक के माध्यम से पुल का स्थायी समाधान तैयार किया जाएगा।

सेतु बंद होने के कारण स्थानीय लोगों को नाव के सहारे यात्रा करनी पड़ रही है, जिससे जोखिम बढ़ गया है। साथ ही परिवहन बाधित होने से रोजमर्रा की वस्तुओं की कीमतों पर भी असर देखने को मिल रहा है। सरकार की तेज कार्रवाई और वैकल्पिक व्यवस्था की घोषणा को भागलपुरवासियों के लिए राहत भरा कदम माना जा रहा है। अब सभी की नजरें अगले 10–15 दिनों में यातायात बहाल होने पर टिकी हैं।
भागलपुर से श्यामानंद सिंह की रिपोर्ट