बिहार में सोमवार से बस यात्रियों की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ने वाला है। राज्य में सार्वजनिक परिवहन से सफर करने वाले लोगों को अब पहले की तुलना में अधिक किराया चुकाना होगा। बिहार राज्य पथ परिवहन निगम (बीएसआरटीसी) ने अपनी बस सेवाओं के किराये में बढ़ोतरी लागू कर दी है, जो 1 जून से प्रभावी हो गई है। नई दरों का असर साधारण, एक्सप्रेस, डीलक्स और वातानुकूलित बस सेवाओं पर पड़ेगा।
पिछले कई वर्षों से किराये में कोई बड़ा बदलाव नहीं
निगम के अधिकारियों के अनुसार, डीजल की बढ़ती कीमतों, वाहनों के रखरखाव पर बढ़ते खर्च, स्पेयर पार्ट्स की महंगाई और परिचालन लागत में लगातार वृद्धि को देखते हुए किराया संशोधन का फैसला लिया गया है। बताया गया कि पिछले कई वर्षों से किराये में कोई बड़ा बदलाव नहीं किया गया था, जिससे निगम पर आर्थिक दबाव बढ़ रहा था।
बसों के किराये में औसतन 10 से 15 प्रतिशत तक वृद्धि
नई व्यवस्था के तहत विभिन्न श्रेणी की बसों के किराये में औसतन 10 से 15 प्रतिशत तक वृद्धि की गई है। हालांकि, बढ़ी हुई दरें रूट और बसों की श्रेणी के अनुसार अलग-अलग होंगी। परिवहन विभाग ने सभी बस अड्डों और टिकट काउंटरों पर नई किराया सूची उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है।
पटना से प्रमुख शहरों का नान एसी बसों का किराया
शहर किराया (₹)
मुजफ्फरपुर-129
दरभंगा-213
औरंगाबाद-229
सिवान-213
यात्रियों पर बढ़ेगा असर
बता दें कि किराया वृद्धि के बाद रोजाना बसों से यात्रा करने वाले यात्रियों को अधिक खर्च वहन करना पड़ेगा। खासकर नौकरीपेशा, छात्र और नियमित यात्रियों के मासिक यात्रा बजट पर इसका सीधा असर पड़ सकता है।बीएसआरटीसी का कहना है कि बढ़ती लागत के बीच बस सेवाओं का संचालन और बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए किराया संशोधन आवश्यक था। निगम का दावा है कि नई दरों के बावजूद यात्रियों को सुरक्षित और बेहतर परिवहन सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।