गया समाहरणालय में आयोजित जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक उस समय चर्चा का केंद्र बन गई जब राष्ट्रीय राजमार्गों पर बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं और अधिकारियों की कार्यशैली को लेकर वरिष्ठ नेताओं ने खुलकर नाराजगी जताई। बैठक में शामिल बिहार सरकार के वरिष्ठ नेता डॉ. प्रेम कुमार और केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने सड़क सुरक्षा उपायों में लापरवाही पर अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई। वहीं लालू परिवार की सुरक्षा में कटौती और युवा क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी के भारतीय टीम में चयन जैसे राजनीतिक और सामाजिक मुद्दों पर भी दोनों नेताओं ने अपनी स्पष्ट राय रखी।

सालभर बाद बैठक होने पर नाराजगी
बैठक के दौरान डॉ. प्रेम कुमार ने सड़क सुरक्षा समिति की बैठकों में हो रही देरी पर कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि ऐसी बैठकें हर तीन महीने पर आयोजित होनी चाहिए, लेकिन लगभग एक वर्ष बाद बैठक होना गंभीर चिंता का विषय है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि एक्शन टेकन रिपोर्ट बैठक से ठीक पहले नहीं, बल्कि कम-से-कम एक सप्ताह पहले सदस्यों को उपलब्ध कराई जाए ताकि उस पर गंभीरता से चर्चा हो सके। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि भविष्य में इस व्यवस्था का पालन नहीं होने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
सड़क दुर्घटनाओं पर मांझी की चिंता
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने भी सड़क सुरक्षा के मुद्दे पर प्रशासन से जवाब मांगा। उन्होंने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुरूप राष्ट्रीय राजमार्गों पर सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए गया जिले में डिस्ट्रिक्ट हाईवे सेफ्टी टास्क फोर्स का गठन किया गया है। उन्होंने बताया कि अवैध पार्किंग, सड़क किनारे अतिक्रमण और अनधिकृत ढाबों के कारण दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ रहा है, जिसे नियंत्रित करने के लिए प्रभावी कार्रवाई जरूरी है।

बालू ट्रकों और सड़क किनारे अवैध भंडारण पर सख्त रुख
बैठक में गया जिले के कंडी, बोधगया और कंडी-नवादा क्षेत्र में बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं का मुद्दा भी प्रमुखता से उठा। नेताओं ने कहा कि तेज रफ्तार बालू लदे ट्रक और सड़क किनारे अवैध रूप से जमा बालू हादसों की बड़ी वजह बन रहे हैं। हाल के दिनों में कंडी-नवादा क्षेत्र में हुई दुर्घटनाओं का उल्लेख करते हुए उन्होंने प्रशासन को तत्काल सड़क किनारे जमा बालू हटाने और यातायात व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए।
दुर्घटना पीड़ितों को मिलेगा त्वरित मुआवजा
डॉ. प्रेम कुमार ने जानकारी दी कि राज्य सरकार के प्रावधानों के अनुसार सड़क दुर्घटना में मृतक के परिजनों को जिलाधिकारी की अनुशंसा पर तत्काल 4 लाख रुपये तक का मुआवजा उपलब्ध कराया जा सकता है। उन्होंने वहीं राष्ट्रीय जनता दल प्रमुख लालू प्रसाद यादव और पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी की सुरक्षा में कटौती को लेकर उठे राजनीतिक विवाद पर भी दोनों नेताओं ने प्रतिक्रिया दी।
डॉ. प्रेम कुमार ने कहा कि सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करना सरकार का अधिकार है और यह पूरी तरह प्रशासनिक प्रक्रिया का हिस्सा है। यदि किसी को आपत्ति है तो उसे लोकतांत्रिक तरीके से सरकार के समक्ष अपनी बात रखनी चाहिए। वहीं केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने कहा कि सुरक्षा व्यवस्था समय-समय पर समीक्षा के आधार पर तय की जाती है। जरूरत के अनुसार सुरक्षा बढ़ाई या घटाई जाती है और हमारी प्राथमिकता राज्य की जनता है। बेवजह सुरक्षा देना भी सही नहीं है। इसमें जनप्रतिनिधियों को सहयोग करना चाहिए।
वैभव सूर्यवंशी पर जताया गर्व
बिहार के युवा क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी के भारतीय टीम में चयन पर जीतन राम मांझी ने खुशी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि कम उम्र में राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाना पूरे बिहार के लिए गर्व की बात है। मांझी ने उम्मीद जताई कि वैभव आने वाले वर्षों में भारतीय क्रिकेट में बिहार का नाम और ऊंचा करेंगे तथा राज्य के अन्य युवाओं के लिए प्रेरणा बनेंगे। गया से आशिष कुमार की रिपोर्ट