NEWS PR डेस्क : मुंबई : टाटा संस के चेयरमैन एन. चंद्रशेखरन ने अपने पद से हटने का फैसला किया है। उन्होंने कहा है कि वह अपने मौजूदा कार्यकाल के खत्म होने के बाद दोबारा चेयरमैन पद के लिए नियुक्ति नहीं मांगेंगे। उनका मौजूदा कार्यकाल फरवरी 2027 तक है। यह फैसला टाटा संस की आगामी वार्षिक आम बैठक यानी AGM से पहले सामने आया है।
AGM से पहले लिया फैसला
टाटा संस की AGM 18 अगस्त 2026 को होने वाली है। इससे पहले चंद्रशेखरन ने बोर्ड को अपने फैसले की जानकारी दी है। उन्होंने बोर्ड से अपने उत्तराधिकारी के चयन की प्रक्रिया शुरू करने को भी कहा है, ताकि नेतृत्व परिवर्तन सुचारू तरीके से हो सके।
टाटा ग्रुप के शेयरों पर दिखा असर
चंद्रशेखरन के फैसले की खबर सामने आते ही टाटा ग्रुप की कई सूचीबद्ध कंपनियों के शेयरों में गिरावट देखने को मिली। TCS, टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स, टाटा कंज्यूमर, टाइटन, टाटा पावर और टाटा स्टील समेत कई शेयरों पर दबाव रहा। कुछ टाटा ग्रुप कंपनियों के शेयरों में करीब 4 फीसदी तक की गिरावट दर्ज की गई।

TCS के शेयरों में सबसे ज्यादा दबाव
टाटा ग्रुप की सबसे बड़ी सूचीबद्ध कंपनियों में शामिल टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) के शेयरों में भी तेज गिरावट आई। रिपोर्टों के मुताबिक, कारोबार के दौरान TCS के शेयर करीब 5 फीसदी तक फिसले। निवेशकों में नेतृत्व परिवर्तन को लेकर बनी अनिश्चितता को इस गिरावट की प्रमुख वजहों में से एक माना जा रहा है।
2017 से संभाल रहे हैं टाटा संस की कमान
एन. चंद्रशेखरन ने 21 फरवरी 2017 को टाटा संस के चेयरमैन का पद संभाला था। वह टाटा ग्रुप के शीर्ष नेतृत्व में करीब एक दशक से जिम्मेदारी निभा रहे हैं। उनका मौजूदा कार्यकाल फरवरी 2027 में पूरा होना है, लेकिन उन्होंने इसके बाद नए कार्यकाल के लिए नियुक्ति नहीं मांगने का फैसला किया है।
निवेशकों की नजर अब उत्तराधिकारी पर
चंद्रशेखरन के फैसले के बाद अब टाटा संस के अगले चेयरमैन को लेकर चर्चाएं तेज हो सकती हैं। निवेशकों की नजर इस बात पर रहेगी कि कंपनी का बोर्ड नए नेतृत्व के लिए किस नाम पर फैसला करता है। इस बदलाव को लेकर बाजार में बनी अनिश्चितता का असर टाटा ग्रुप की सूचीबद्ध कंपनियों के शेयरों पर भी देखने को मिला है।