NEWS PR डेस्क: बिहार की सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने महत्वपूर्ण कदम उठाया है। बिहार तकनीकी सेवा आयोग (BTSC) की अनुशंसा पर चयनित 7,348 स्टाफ नर्सों की राज्य के विभिन्न सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में पदस्थापना कर दी गई है। इससे अस्पतालों में नर्सिंग सेवाओं को मजबूती मिलने और मरीजों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराने में मदद मिलने की उम्मीद है।
4,888 महिला और 2,460 पुरुष अभ्यर्थी शामिल
पदस्थापित किए गए 7,348 स्टाफ नर्सों में 4,888 महिलाएं और 2,460 पुरुष अभ्यर्थी शामिल हैं। इनकी तैनाती मेडिकल कॉलेज एवं अस्पतालों, जिला अस्पतालों, अनुमंडलीय अस्पतालों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (CHC) और रेफरल अस्पतालों में की गई है। इससे स्वास्थ्यकर्मियों की कमी दूर करने, मरीजों की देखभाल बेहतर बनाने और स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाने में सहायता मिलेगी।
पारदर्शी तरीके से हुआ पदस्थापना कार्य
स्वास्थ्य विभाग ने पदस्थापना प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (NIC) के सॉफ्टवेयर के माध्यम से रैंडमाइजेशन किया। दिव्यांग अभ्यर्थियों को उनके गृह जिले में पदस्थापित किया गया है, जबकि अन्य अभ्यर्थियों को मेरिट के अनुरूप गृह जिले या निकटवर्ती जिलों में तैनाती देने का प्रयास किया गया है।
एक महीने में देना होगा योगदान
सभी नवपदस्थापित स्टाफ नर्सों को एक महीने के भीतर संबंधित संस्थानों में योगदान देना होगा। उन्हें अपने शैक्षणिक प्रमाण-पत्रों सहित सभी आवश्यक मूल दस्तावेज प्रस्तुत करने होंगे। संबंधित अधिकारी प्रमाण-पत्रों का सत्यापन करेंगे और तीन महीने के भीतर जांच प्रक्रिया पूरी कर विभाग को रिपोर्ट सौंपेंगे।
स्वास्थ्य मंत्री ने दी बधाई
स्वास्थ्य मंत्री निशांत ने सभी चयनित स्टाफ नर्सों को बधाई देते हुए कहा कि राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत बनाने में उनकी भूमिका अहम होगी। सरकार का लक्ष्य सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में पर्याप्त मानव संसाधन उपलब्ध कराकर आम लोगों को गुणवत्तापूर्ण, सुलभ और समयबद्ध स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करना है।उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सभी स्टाफ नर्स पूरी निष्ठा एवं जिम्मेदारी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करेंगे तथा मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण योगदान देंगे
बिहार के सरकारी अस्पतालों को मिले 7,348 स्टाफ नर्स, स्वास्थ्य सेवाओं को मिलेगी मजबूती