NEWS PR डेस्क : पूर्णिया, जी. डी. गोयनका पब्लिक स्कूल, पूर्णिया में शुक्रवार को कक्षा 10वीं, 11वीं एवं 12वीं के विद्यार्थियों के लिए एक विशेष टेड टॉक सत्र का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में प्रख्यात शिक्षाविद्, टेक्नोलॉजी उद्यमी एवं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई ) कंसल्टेंट रितेश अग्रवाल मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीक, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, नवाचार एवं भविष्य में करियर की संभावनाओं से अवगत कराया।
रितेश अग्रवाल आईआईटी बॉम्बे के पूर्व छात्र तथा आईआईएम बेंगलुरु से डबल गोल्ड मेडलिस्ट हैं। वे नेक्सिस स्कूल ऑफ़ बिज़नेस के सह-संस्थापक हैं। इसके माध्यम से वे वास्तविक व्यावसायिक परियोजनाओं, इंटर्नशिप तथा उद्योग जगत के अनुभवी विशेषज्ञों के मार्गदर्शन द्वारा उच्च शिक्षा को व्यावहारिक एवं रोजगारोन्मुख बनाने की दिशा में कार्य कर रहे हैं। वे एपीकोड्स के संस्थापक भी हैं, जो पिछले एक दशक से अधिक समय से ब्रिटेन, यूरोप एवं भारत की कंपनियों को तकनीकी एवं सॉफ्टवेयर समाधान उपलब्ध करा रही है।
अपने प्रेरणादायक संबोधन में रितेश अग्रवाल ने विद्यार्थियों को बताया कि वर्तमान समय में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और आधुनिक तकनीक किस प्रकार शिक्षा, व्यवसाय एवं रोजगार के क्षेत्र में नए अवसरों का सृजन कर रही है। उन्होंने विद्यार्थियों को किताबी ज्ञान के साथ-साथ व्यावहारिक अनुभव, रचनात्मक सोच, समस्या समाधान की क्षमता और नए कौशल विकसित करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि भविष्य में सफलता प्राप्त करने के लिए जिज्ञासु बने रहना, निरंतर सीखना और बदलती तकनीक के साथ स्वयं को विकसित करना आवश्यक है।
कार्यक्रम को और अधिक रोचक एवं संवादात्मक बनाने के लिए विद्यार्थियों को मुख्य वक्ता से सीधे प्रश्न पूछने तथा अपने विचार साझा करने का अवसर प्रदान किया गया। विद्यार्थियों ने पूरे उत्साह एवं जिज्ञासा के साथ इसमें भाग लिया और एआई , तकनीकी नवाचार तथा भविष्य के करियर से जुड़े अपने प्रश्नों के उत्तर प्राप्त किए।
इस अवसर पर विद्यालय की निदेशिका-प्रधानाचार्या पुलोमा नंदी, उप-प्रधानाचार्य राज कुमार दास, प्रशासक प्रीतम दास, सीनियर एकेडमिक कोऑर्डिनेटर त्रिबेणी प्रसाद पांडेय सहित विद्यालय के शिक्षकगण उपस्थित रहे।
विद्यालय की निदेशिका-प्रधानाचार्या पुलोमा नंदी ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल पाठ्यक्रम पूरा करना और परीक्षा में अच्छे अंक प्राप्त करना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों को जीवन की वास्तविक चुनौतियों के लिए तैयार करना भी है। इसी उद्देश्य से विद्यालय में विशेषज्ञों के व्याख्यान, टेड टॉक्स , अनुभवात्मक शिक्षण एवं विभिन्न शैक्षणिक गतिविधियों को प्रोत्साहित किया जाता है, ताकि विद्यार्थियों को किताबी ज्ञान के साथ-साथ व्यावहारिक समझ, आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता विकसित करने का अवसर मिल सके।
उन्होंने कहा कि जी. डी. गोयनका पब्लिक स्कूल, पूर्णिया विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, तार्किक चिंतन, नवाचार, रचनात्मकता एवं उद्यमशीलता की भावना विकसित करने के लिए निरंतर प्रयासरत है। ऐसे आयोजन विद्यार्थियों को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर के विशेषज्ञों के अनुभवों से सीखने तथा अपने भविष्य के लिए बेहतर दिशा निर्धारित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
कार्यक्रम का समापन अत्यंत उत्साहपूर्ण वातावरण में हुआ। यह टेड टॉक विद्यार्थियों के लिए ज्ञानवर्धक, प्रेरणादायक एवं भविष्य की संभावनाओं को समझने का एक महत्वपूर्ण अवसर साबित हुआ।