NEWS PR डेस्क: मुजफ्फरपुर में शनिवार की देर रात अपराधियों ने एक निजी स्कूल को निशाना बनाकर ताबड़तोड़ गोलीबारी की। घटना कांटी थाना क्षेत्र में एनएच-28 के किनारे स्थित चन्द्रशील विद्यापीठ स्कूल की है। बदमाशों ने स्कूल की दीवार और मुख्य गेट पर करीब डेढ़ दर्जन राउंड फायरिंग की। वारदात के बाद स्कूल के गेट पर 50 लाख रुपये की रंगदारी मांगने वाला पर्चा भी चिपका दिया गया। घटना के बाद आसपास के इलाके में दहशत का माहौल बन गया।
स्कूल की दीवार और मुख्य गेट पर चलीं गोलियां
जानकारी के अनुसार, शनिवार की रात कुछ अपराधी चन्द्रशील विद्यापीठ स्कूल के पास पहुंचे और स्कूल की दीवार तथा मुख्य प्रवेश द्वार को निशाना बनाकर गोलियां चलानी शुरू कर दीं। लगातार फायरिंग की आवाज सुनकर आसपास के लोग सहम गए। बताया जा रहा है कि बदमाशों ने करीब 15 से 18 राउंड गोलियां चलाईं।
फायरिंग के दौरान स्कूल परिसर में कोई मौजूद था या नहीं, इसकी जानकारी फिलहाल स्पष्ट नहीं है हालांकि, शुरुआती जानकारी के अनुसार घटना में किसी व्यक्ति के घायल होने की सूचना नहीं है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि फायरिंग के पीछे कौन लोग शामिल थे और उन्होंने स्कूल को ही निशाना क्यों बनाया।

गेट पर चिपकाया 50 लाख की रंगदारी का पर्चा
गोलीबारी के बाद अपराधियों ने स्कूल के मुख्य गेट पर एक पर्चा चिपकाया। इस पर्चे में स्कूल प्रबंधन से 50 लाख रुपये की रंगदारी की मांग की गई है। रंगदारी की रकम सामने आने के बाद पुलिस मामले को गंभीरता से ले रही है। आशंका जताई जा रही है कि रंगदारी वसूलने के दबाव में स्कूल को डराने के उद्देश्य से यह वारदात की गई।
पुलिस ने घटनास्थल से गोलीबारी से जुड़े साक्ष्य जुटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। दीवार और गेट पर गोलियों के निशान भी मिले हैं। जांच टीम पर्चे की भाषा, फायरिंग के तरीके और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज के आधार पर अपराधियों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।
SDPO पश्चिमी और कांटी पुलिस ने शुरू की जांच
घटना की सूचना मिलते ही कांटी थाना पुलिस मौके पर पहुंची। इसके अलावा SDPO पश्चिमी भी घटनास्थल पर पहुंचे और पूरे मामले की जानकारी ली। पुलिस अधिकारियों ने स्कूल परिसर और आसपास के क्षेत्र का निरीक्षण किया। घटनास्थल से मिले साक्ष्यों को जांच में शामिल किया जा रहा है।
फिलहाल पुलिस रंगदारी मांगने वाले पर्चे और फायरिंग की घटना को जोड़कर जांच कर रही है। अपराधियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा सकती है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और जल्द ही घटना में शामिल लोगों के बारे में जानकारी जुटाई जाएगी।