पिछड़ा-अति पिछड़ा कल्याण योजनाओं में तेजी लाएं, लंबित मामलों का करें जल्द निपटारा: मंत्री रमा निषाद

Shreya Raj
राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक में पिछड़ा एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण मंत्री रमा निषाद ने अधिकारियों को संबोधित किया।

NEWS PR डेस्क: बिहार की पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण मंत्री रमा निषाद ने विभागीय योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी लाने और पात्र लाभुकों को समय पर योजनाओं का लाभ देने का निर्देश दिया है। बुधवार को पटना स्थित जगजीवन राम संसदीय अध्ययन एवं राजनीतिक शोध संस्थान के सभागार में आयोजित राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक की उन्होंने अध्यक्षता की। बैठक में जननायक कर्पूरी ठाकुर छात्रावास, अन्य पिछड़ा वर्ग छात्रावास, अन्य पिछड़ा वर्ग कन्या आवासीय +2 उच्च विद्यालय, छात्रवृत्ति और लंबित वित्तीय मामलों की समीक्षा की गई। विभाग की योजनाओं में छात्रावास और छात्रवृत्ति जैसी शैक्षणिक सुविधाएं शामिल हैं।

छात्रावासों में भोजन, सुरक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं पर जोर

मंत्री रमा निषाद ने प्रभारी जिला पिछड़ा एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण पदाधिकारियों को जिला स्तर पर योजनाओं की नियमित निगरानी करने और लंबित मामलों का जल्द निष्पादन करने का निर्देश दिया। जननायक कर्पूरी ठाकुर छात्रावास, अन्य पिछड़ा वर्ग छात्रावास और कन्या आवासीय +2 उच्च विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण भोजन, स्वच्छ पेयजल, सुरक्षा, स्वास्थ्य और शैक्षणिक सुविधाओं को प्राथमिकता देने को कहा गया।

निरीक्षण के दौरान सामने आने वाली कमियों को दूर करने के साथ छात्राओं के लिए सुरक्षित और सकारात्मक माहौल सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

छात्रावासों में नामांकन से लेकर सीसीटीवी तक की समीक्षा

बैठक में छात्रावासों में नामांकन, मेस संचालन, खाद्यान्न आपूर्ति, सुरक्षा गार्ड, सफाई कर्मी, रसोइया और आरओ जैसी सुविधाओं की स्थिति की समीक्षा की गई वहीं अन्य पिछड़ा वर्ग कन्या आवासीय +2 उच्च विद्यालयों में सीसीटीवी, शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति, पोक्सो एवं पोश समितियों, आपातकालीन वाहन, एएनएम/जीएनएम और एचपीवी वैक्सीनेशन की व्यवस्था की भी जानकारी ली गई। विभाग ने जिला स्तर पर नियमित निरीक्षण और निगरानी मजबूत करने पर जोर दिया है।

1.57 करोड़ के डीसी विपत्र लंबित, वित्तीय मामलों में तेजी के निर्देश

वित्तीय मामलों की समीक्षा के दौरान विभिन्न जिलों में करीब 1.57 करोड़ रुपये के डीसी विपत्र लंबित पाए गए। इनके समायोजन के लिए आवश्यक कार्रवाई में तेजी लाने को कहा गया। विद्यार्थी सहयोग पोर्टल और सहयोग पोर्टल पर प्राप्त परिवादों का समय पर निष्पादन करने के निर्देश भी दिए गए।

जिला स्तर पर स्पष्ट कार्य-विभाजन, अभिलेखों का पूर्ण प्रभार, नियमित निरीक्षण और बायोमेट्रिक उपस्थिति सुनिश्चित करने पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों के लिए डेटा एंट्री ऑपरेटर, आईटी कर्मी और अन्य जरूरी मानव संसाधन की व्यवस्था की जा रही है।

विभाग के अपर मुख्य सचिव के. सेंथिल कुमार ने योजनाओं के समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन पर जोर दिया। बैठक में बिहार वित्त नियमावली और CFMS से संबंधित प्रशिक्षण भी वित्त विभाग के प्रशिक्षकों ने दिया। बैठक में विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ सभी जिलों के प्रभारी जिला पिछड़ा एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण पदाधिकारी मौजूद रहे।

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