गया: मुजफ्फरपुर के एक निजी अस्पताल में हुए भीषण अग्निकांड के बाद बिहार के अस्पतालों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सतर्कता बढ़ा दी गई है। इसी क्रम में गया के मगध क्षेत्र स्थित प्रभावती अस्पताल में फायर सेफ्टी इंतजामों की विस्तृत समीक्षा की गई।विधानसभा अध्यक्ष Prem Kumar ने अस्पताल पहुंचकर अग्नि सुरक्षा प्रणाली का निरीक्षण किया और मौजूदा व्यवस्थाओं की बारीकी से जांच की।

गया स्थित यह प्रभावती अस्पताल क्षेत्र का एकमात्र महिला अस्पताल है, जहां प्रतिदिन 100 से अधिक मरीज इलाज के लिए पहुंचते हैं। यहां प्रसूति, स्त्री रोग और नवजात शिशुओं के उपचार की विशेष सुविधाएं उपलब्ध हैं। चार मंजिला इस भवन में सभी वार्ड वातानुकूलित हैं।
अस्पताल प्रशासन के अनुसार, भवन में आधुनिक अग्निशमन उपकरण लगाए गए हैं जिनमें पोर्टेबल अग्निशामक यंत्र, स्मोक एवं हीट डिटेक्टर, ऑटोमेटिक अलार्म सिस्टम, मैन्युअल फायर अलार्म और ऑटोमेटिक स्प्रिंकलर सिस्टम शामिल हैं। किसी भी वार्ड में धुआं या आग की स्थिति बनने पर अलार्म स्वतः सक्रिय हो जाता है और स्प्रिंकलर सिस्टम तुरंत पानी का छिड़काव शुरू कर देता है।

मुजफ्फरपुर अग्निकांड के बाद राज्य भर में अस्पतालों की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा तेज कर दी गई है। इसी के तहत प्रभावती अस्पताल का निरीक्षण किया गया।निरीक्षण के दौरान विधानसभा अध्यक्ष प्रेम कुमार ने अस्पताल के विभिन्न वार्डों का दौरा किया और फायर सेफ्टी उपकरणों की कार्यप्रणाली की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों से सुरक्षा मानकों को लेकर विस्तृत चर्चा भी की।
उन्होंने कहा कि मुजफ्फरपुर की घटना से सबक लेते हुए राज्य सरकार सरकारी और निजी अस्पतालों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था की लगातार समीक्षा कर रही है। जहां भी कमियां पाई जाएंगी, उन्हें तत्काल दूर किया जाएगा ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। गया से आशिष कुमार की रिपोर्ट