NEWS PR डेस्क : पश्चिम चंपारण के वाल्मीकिनगर स्थित वाल्मीकि टाइगर रिजर्व (VTR) में वन विभाग की अतिक्रमण हटाओ कार्रवाई उस समय हिंसक हो गई, जब विरोध कर रहे लोगों ने कार्रवाई में लगी एक जेसीबी मशीन में आग लगा दी। घटना के दौरान वन विभाग के कर्मियों, स्थानीय लोगों और पुलिसकर्मियों समेत करीब आधा दर्जन लोगों के घायल होने की सूचना है। हालात बिगड़ने पर मौके पर भारी पुलिस बल और एसएसबी को तैनात करना पड़ा।

जानकारी के अनुसार, वाल्मीकिनगर वन क्षेत्र के ठाड़ी गांव के समीप धनहिया इलाके में वन विभाग, जिला प्रशासन और पुलिस की संयुक्त टीम वन भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने पहुंची थी। कार्रवाई शुरू होते ही स्थानीय लोगों ने इसका विरोध शुरू कर दिया।
देखते ही देखते बड़ी संख्या में महिलाएं और ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और वन विभाग की टीम का घेराव कर दिया। विरोध के दौरान स्थिति अचानक तनावपूर्ण हो गई और उग्र भीड़ ने कार्रवाई में इस्तेमाल की जा रही एक जेसीबी मशीन में आग लगा दी। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
भारी संख्या में पुलिस बल और वनकर्मियों की तैनाती
सूचना मिलते ही बगहा के पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) निहार भूषण तथा एसएसबी के अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे। अधिकारियों ने लोगों को समझाकर स्थिति को नियंत्रित किया और वन विभाग की टीम को सुरक्षित बाहर निकाला। फिलहाल क्षेत्र में किसी भी अप्रिय घटना की आशंका को देखते हुए भारी संख्या में पुलिस बल और वनकर्मियों की तैनाती की गई है। प्रशासन पूरे इलाके पर नजर बनाए हुए है।
पुलिस ने समय रहते हालात पर नियंत्रण पा लिया
एसडीपीओ निहार भूषण ने बताया कि पुलिस ने समय रहते हालात पर नियंत्रण पा लिया। मामले की जांच की जा रही है और कानून हाथ में लेने वालों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि वन भूमि से अवैध अतिक्रमण हटाने का अभियान आगे भी जारी रहेगा और सरकारी भूमि पर कब्जा किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पश्चिम चंपारण से मोहम्मद इम्तियाज की रिपोर्ट
