उत्तर प्रदेश के उन्नाव जिले में मंगलवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। दिल्ली से बिहार जा रही एक डबल डेकर AC बस लखनऊ-आगरा एक्सप्रेस-वे पर अनियंत्रित होकर पलट गई। हादसे में बिहार पुलिस के एक दरोगा, एक कैदी समेत 6 लोगों की मौत हो गई, जबकि 3 पुलिसकर्मियों सहित 21 यात्री घायल हो गए।

कैसे हुआ हादसा?
यह हादसा औरास थाना क्षेत्र में एक्सप्रेस-वे के किलोमीटर संख्या 262 के पास सुबह करीब 5 बजे हुआ। शुरुआती जांच में सामने आया है कि बस चालक को झपकी आने के कारण उसने वाहन से नियंत्रण खो दिया। तेज रफ्तार बस पहले डिवाइडर से टकराई और फिर पलटकर रेलिंग पर लटक गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बस की रफ्तार काफी तेज थी। हादसे के बाद कई यात्री खिड़कियों से बाहर जा गिरे और एक्सप्रेस-वे के नीचे ढलान पर घायल अवस्था में पड़े रहे। मौके पर चीख-पुकार मच गई।

मृतकों की पहचान
हादसे में मरने वालों में बिहार के सीवान पुलिस लाइन में तैनात दरोगा रामचंद्र राम (59) और गुरुग्राम निवासी कैदी छत्तरपाल सिंह तोमर (59) शामिल हैं। चार अन्य मृतकों की पहचान अभी तक नहीं हो सकी है। जानकारी के मुताबिक, सीवान पुलिस की टीम 24 मई को कैदी छत्तरपाल सिंह तोमर को गुरुग्राम कोर्ट में पेशी के लिए लेकर गई थी। पेशी के बाद पुलिस टीम उसी बस से बिहार लौट रही थी।
राहत और बचाव कार्य
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस, यूपीडा टीम और एंबुलेंस मौके पर पहुंचीं। करीब 6 से 7 एंबुलेंस की मदद से घायलों को पास के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। डॉक्टरों ने 6 यात्रियों को मृत घोषित कर दिया, जबकि गंभीर रूप से घायल लोगों को लखनऊ ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया। अन्य घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
यात्रियों में मची अफरा-तफरी
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि हादसे के बाद एक्सप्रेस-वे के किनारे घायल यात्री दर्द से तड़पते रहे। अस्पताल में भी अफरा-तफरी का माहौल रहा। फर्श पर खून फैला हुआ था और घायल लगातार कराह रहे थे। बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने हादसे पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना जताते हुए घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की। पुलिस के अनुसार, बस में लगभग 30 यात्री सवार थे। इनमें अधिकांश यात्री बस्ती, सिद्धार्थनगर और गोरखपुर जिले के रहने वाले बताए जा रहे हैं।