जनसहयोग की मिसाल: 70 परिवारों ने मिलकर बना दिया नदी पर पुल, स्कूली बच्चों की राह होगी आसान

Amit Singh

NEWS PR डेस्क: बेतिया, 12 जुलाई। पश्चिम चंपारण जिले के रामनगर प्रखंड की सोनखर पंचायत स्थित शिवपुरवा गांव ने जनसहयोग और सामुदायिक एकजुटता की ऐसी मिसाल पेश की है, जो पूरे इलाके के लिए प्रेरणा बन गई है। महज 70 से 80 घरों वाले इस गांव के लोगों ने सरकारी मदद का वर्षों तक इंतजार करने के बाद खुद आगे बढ़कर चंदा इकट्ठा किया और भाषाहा नदी पर 60 फीट लंबा तथा 4 फीट चौड़ा लोहे का पुल तैयार कर दिया। पुल के निर्माण पर अब तक करीब ढाई लाख रुपये खर्च किए जा चुके हैं।

यह पुल केवल एक निर्माण कार्य नहीं, बल्कि उन सैकड़ों स्कूली बच्चों के सुरक्षित भविष्य की उम्मीद है, जिन्हें हर साल बरसात के मौसम में उफनती नदी पार कर विद्यालय पहुंचने के लिए जान जोखिम में डालनी पड़ती थी। शिवपुरवा स्थित प्लस-टू विद्यालय में बेलौरा, छवघरिया, लखनखोर, सोहसा, एकडेवरवा और मेहनवल समेत कई गांवों के छात्र-छात्राएं पढ़ने आते हैं। बारिश के दिनों में नदी पार करना बेहद खतरनाक हो जाता है, जबकि वैकल्पिक मार्ग से जाने पर 8 से 10 किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ती है।

ग्रामीणों ने बताया कि पिछले करीब 50 वर्षों से इस नदी पर पुल निर्माण की मांग की जाती रही, लेकिन हर बार आश्वासन ही मिला। आखिरकार गांव के लोगों ने तय किया कि अब इंतजार नहीं, बल्कि समाधान खुद किया जाएगा। इसके बाद ग्रामीणों ने आर्थिक सहयोग जुटाया और करीब एक महीने की मेहनत से पुल का लोहे का ढांचा तैयार कर लिया।

हालांकि पुल का अधिकांश निर्माण पूरा हो चुका है, लेकिन इसे पूरी तरह उपयोग के लिए तैयार करने के लिए अभी अतिरिक्त आर्थिक सहायता की जरूरत है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि प्रशासन और जनप्रतिनिधियों का सहयोग मिल जाए तो पुल का शेष कार्य भी जल्द पूरा हो सकता है।

पुल के चालू होने के बाद न केवल स्कूली बच्चों को राहत मिलेगी, बल्कि किसानों, साइकिल और दोपहिया वाहन चालकों के लिए भी बरसात के दिनों में आवागमन आसान हो जाएगा। शिवपुरवा गांव की यह पहल बताती है कि सामूहिक इच्छा शक्ति और जनसहयोग से बड़े से बड़े काम को भी संभव बनाया जा सकता है।

Share This Article