NEWS PR डेस्क :पटना: नेपाल में आई बाढ़ और सैलाब के बाद बिहार के सीमावर्ती इलाकों में संभावित बाढ़ के खतरे को देखते हुए राज्य सरकार पूरी तरह अलर्ट मोड में है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने गुरुवार को नेपाल से सटे इलाकों का हवाई सर्वे किया और बाढ़ की संभावित स्थिति को लेकर प्रशासनिक तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरान उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी भी उनके साथ मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री ने हवाई सर्वे की तस्वीरें सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर साझा करते हुए बताया कि नेपाल में आए सैलाब को देखते हुए बगहा, वाल्मीकिनगर, बेतिया और मोतिहारी समेत सीमावर्ती क्षेत्रों में स्थिति का आकलन किया गया।
गंडक और कोसी नदी पर विशेष नजर
हवाई सर्वे के दौरान मुख्यमंत्री ने मुख्य रूप से गंडक और कोसी नदी के जलप्रवाह और आसपास के इलाकों की स्थिति का जायजा लिया। नेपाल से सटे क्षेत्रों में संभावित जलस्तर वृद्धि को देखते हुए निगरानी बढ़ा दी गई है। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को संभावित बाढ़ के प्रभावों को ध्यान में रखते हुए आवश्यक एहतियाती कदम उठाने, सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने और राहत-बचाव कार्यों के लिए पूरी तैयारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित या संभावित प्रभावित क्षेत्रों में रहने वाले लोगों की सुरक्षा और उन्हें हर संभव सहायता उपलब्ध कराना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
8 जिलों में प्रशासन अलर्ट
संभावित बाढ़ के खतरे को देखते हुए बिहार के 8 जिलों में विशेष सतर्कता बरती जा रही है। सीमावर्ती और नदी तटीय क्षेत्रों में प्रशासन को लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही NDRF और SDRF की टीमों को हाई अलर्ट पर रखा गया है, ताकि जरूरत पड़ने पर प्रभावित लोगों तक तत्काल राहत और बचाव दल पहुंचाया जा सके। अधिकारियों को 24 घंटे अलर्ट मोड में रहने और जलस्तर समेत हर महत्वपूर्ण गतिविधि पर नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं।
रेलवे ने भी बढ़ाई निगरानी
बिहार में बाढ़ की आशंका को देखते हुए रेलवे प्रशासन ने भी अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। समस्तीपुर रेल मंडल की ओर से रेलवे ट्रैक, पुल और पुल-पुलियों की निगरानी बढ़ा दी गई है। रेल प्रशासन के मुताबिक, यदि बाढ़ का पानी बढ़ने के कारण किसी रेलखंड पर ट्रैक या पुल की सुरक्षा प्रभावित होने की आशंका पैदा होती है, तो वहां ट्रेनों का परिचालन तत्काल रोका या नियंत्रित किया जा सकता है।
चंपारण के रेलखंडों पर विशेष निगरानी
मंडल रेल प्रबंधक ज्योति प्रकाश मिश्रा ने पूर्वी चंपारण और पश्चिमी चंपारण जिला प्रशासन के साथ लगातार समन्वय बनाए रखने का निर्देश दिया है। बाढ़ की स्थिति और उसके संभावित प्रभावों की लगातार निगरानी करने को कहा गया है। रेलवे कर्मचारियों को भी अपने-अपने क्षेत्रों में अलर्ट मोड में रहने और ट्रैक, पुलों तथा अन्य महत्वपूर्ण रेल परिसंपत्तियों की स्थिति पर नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं।
सरकार से लेकर रेलवे तक तैयारी
नेपाल में बाढ़ के बाद बिहार में संभावित खतरे को देखते हुए राज्य सरकार, आपदा प्रबंधन तंत्र और रेलवे प्रशासन ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। एक ओर जहां सीमावर्ती जिलों में प्रशासन को सतर्क किया गया है, वहीं दूसरी ओर NDRF और SDRF की टीमें भी तैयार रखी गई हैं।