NEWS PR डेस्क: पटना के प्रसिद्ध महावीर मंदिर में हनुमान जन्मोत्सव श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया इस खास मौके पर बजरंगबली का दरबार कोलकाता से मंगाए गए लाल गुलाबों से सजाया गया। वहीं, हनुमान जी को 51-51 किलो के दो विशाल नैवेद्यम लड्डू का महाभोग अर्पित किया गया। मंदिर में नौ दिनों से चल रहे श्रीरामचरितमानस नवाह पाठ का भी विधि-विधान के साथ समापन हुआ। सुबह से ही मंदिर में दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी।
हनुमान जन्मोत्सव को लेकर महावीर मंदिर में विशेष तैयारियां की गई थीं। मंदिर परिसर को आकर्षक तरीके से सजाया गया था। भगवान हनुमान के दोनों विग्रहों और राम-जानकी मंडप का कोलकाता से मंगाए गए विशेष लाल गुलाबों से भव्य श्रृंगार किया गया। इस अद्भुत सजावट को देखकर श्रद्धालु भाव-विभोर नजर आए।
इस अवसर पर हनुमान जी को 51-51 किलोग्राम के दो विशाल नैवेद्यम लड्डुओं का महाभोग लगाया गया। पूजा-अर्चना और महाआरती के बाद प्रसाद श्रद्धालुओं के बीच वितरित किया गया।
नवाह पाठ की पूर्णाहुति
मंदिर के ऊपरी तल पर 30 अक्टूबर से चल रहे नौ दिवसीय श्रीरामचरितमानस नवाह पाठ का शनिवार को समापन हुआ। श्री महावीर स्थान न्यास समिति के सचिव सायण कुणाल मुख्य यजमान बने। मिथिला से आए 11 सदस्यीय विद्वानों के दल ने पंडित जटेश झा के नेतृत्व में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ पूजा संपन्न कराई।
दोपहर 12 बजे हुआ ध्वजारोहण
जन्मोत्सव के मौके पर दोपहर ठीक 12 बजे विधि-विधान से पुराने ध्वज को बदलकर नया महावीरी ध्वज फहराया गया। इसके बाद भव्य महाआरती और सवामनी नैवेद्यम का महाभोग अर्पित किया गया।
कार्तिक चतुर्दशी को मनता है जन्मोत्सव
देश के कई हिस्सों में हनुमान जयंती चैत्र पूर्णिमा को मनाई जाती है, लेकिन पटना के महावीर मंदिर में रामानंदाचार्य की परंपरा के अनुसार कार्तिक कृष्ण चतुर्दशी को हनुमान जन्मोत्सव मनाया जाता है।
सुरक्षा के रहे पुख्ता इंतजाम
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए मंदिर परिसर में पुलिस बल, निजी सुरक्षाकर्मियों और स्वयंसेवकों की तैनाती की गई थी। सुरक्षा के बीच भक्तों ने शांतिपूर्ण तरीके से बजरंगबली के दर्शन किए।