NEWS PR डेस्क:भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव में मंगलवार को भरत भूषण तिवारी की तेरहवीं के अवसर पर बड़ी संख्या में लोगों का जुटान देखने को मिला। कार्यक्रम में शामिल होने के लिए बिहार के अलावा कई राज्यों से भी लोग गांव पहुंचे। आयोजकों का दावा है कि ब्रह्मभोज में करीब 15 हजार लोगों के शामिल होने की तैयारी की गई है, जबकि जरूरत पड़ने पर 40 से 50 हजार लोगों के भोजन की व्यवस्था भी रखी गई है।

गांव में सोमवार रात से ही व्यापक तैयारियां शुरू हो गई थीं। बड़ी संख्या में स्वयंसेवक भोजन बनाने, आगंतुकों के स्वागत और अन्य व्यवस्थाओं में जुटे रहे। गांव के अलग-अलग स्थानों पर सामूहिक रूप से भोजन तैयार किया जा रहा है, ताकि बड़ी संख्या में आने वाले लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
कई राज्यों से संगठन के पदाधिकारी और कार्यकर्ता बिलौटी पहुंच रहे हैं
भरत तिवारी के समर्थकों और विभिन्न किसान संगठनों के प्रतिनिधियों के अनुसार, उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों से संगठन के पदाधिकारी और कार्यकर्ता बिलौटी पहुंच रहे हैं। कार्यक्रम को लेकर पूरे गांव में लगातार गतिविधियां जारी हैं और आयोजन स्थल पर लोगों का आना लगातार बढ़ रहा है।
प्रेस वार्ता में महत्वपूर्ण घोषणा की जाएगी
इस मौके पर पूर्वांचल किसान संगठन के अध्यक्ष अजीत सिंह ने कहा कि आंदोलन के अगले चरण की रणनीति को लेकर आयोजित प्रेस वार्ता में महत्वपूर्ण घोषणा की जाएगी। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन अब केवल बिहार तक सीमित नहीं है, बल्कि देश के विभिन्न हिस्सों से भी लोगों का समर्थन मिल रहा है।
सरकार को कार्रवाई के लिए 30 जून तक का समय दिया गया था
वहीं, आयोजन से जुड़े पंकज त्रिपाठी ने कहा कि सरकार को कार्रवाई के लिए 30 जून तक का समय दिया गया था, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उन्होंने बताया कि विभिन्न राज्यों से किसान संगठनों के प्रतिनिधि गांव पहुंच चुके हैं। प्रेस वार्ता में अब तक की घटनाओं की जानकारी, आंदोलन की आगामी रणनीति और न्याय की मांग को लेकर विस्तृत रूपरेखा साझा की जाएगी।
गोली लगने के बाद इलाज के दौरान मौत
गौरतलब है कि भरत भूषण तिवारी की पुलिस मुठभेड़ में गोली लगने के बाद इलाज के दौरान मौत हो गई थी। इस घटना के बाद से परिजन और समर्थक लगातार निष्पक्ष जांच और न्याय की मांग कर रहे हैं। ऐसे में तेरहवीं के अवसर पर आयोजित यह कार्यक्रम और प्रस्तावित प्रेस वार्ता आंदोलन की दिशा तय करने के लिहाज से अहम मानी जा रही है।आरा से आकाश कुमार की रिपोर्ट
