NEWS PR डेस्क:पूर्वी चंपारण पुलिस ने मोटरसाइकिल चोरी की बढ़ती घटनाओं पर बड़ी कार्रवाई करते हुए नेपाल कनेक्शन वाले एक अंतरदेशीय बाइक चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है। विशेष जांच दल (एसआईटी) ने कार्रवाई करते हुए गिरोह के पांच सदस्यों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से चोरी की चार मोटरसाइकिलें, पांच मोबाइल फोन, बाइक चोरी में इस्तेमाल होने वाली मास्टर चाबी तथा भारतीय और नेपाली मुद्रा बरामद की है। पुलिस के अनुसार, यह गिरोह रक्सौल और आसपास के इलाकों से मास्टर चाबी की मदद से मोटरसाइकिल चोरी करता था और फिर कुंडवा चैनपुर के रास्ते नेपाल पहुंचाकर बेच देता था।

पुलिस अधीक्षक (एसपी) स्वर्ण प्रभात के निर्देश पर रक्सौल डीएसपी मनीष आनंद के नेतृत्व में गठित एसआईटी ने यह कार्रवाई की। पुलिस को सूचना मिली थी कि रक्सौल स्थित यूनियन बैंक के पास एक युवक संदिग्ध गतिविधियां कर रहा है। सूचना के आधार पर छापेमारी कर रामगढ़वा थाना क्षेत्र के बेला मुरला गांव निवासी विकास कुमार को हिरासत में लिया गया।
तलाशी के दौरान उसके पास से बाइक चोरी में प्रयुक्त मास्टर चाबी और एक स्मार्टफोन बरामद हुआ। पूछताछ में विकास कुमार ने स्वीकार किया कि वह रक्सौल और आसपास के क्षेत्रों से मोटरसाइकिल चोरी कर उन्हें कुंडवा चैनपुर के रास्ते नेपाल के विभिन्न इलाकों में बेचता था।
उसकी निशानदेही पर पुलिस ने कुंडवा चैनपुर थाना क्षेत्र में छापेमारी कर नेपाल के रौतहट जिले के गौर थाना क्षेत्र अंतर्गत टिकुलिया निवासी मुन्ना आलम, अरविंद सिंह, रूपेश कुमार गुप्ता और दिलीप कुमार गिरी को गिरफ्तार कर लिया। छापेमारी के दौरान पुलिस ने एक टीवीएस अपाचे, एक बजाज पल्सर, एक हीरो सुपर स्प्लेंडर (BR-30T-6925), एक हीरो स्प्लेंडर, पांच मोबाइल फोन, 14,050 रुपये भारतीय मुद्रा, 6,310 नेपाली रुपये तथा बाइक चोरी में इस्तेमाल होने वाली मास्टर चाबी बरामद की।
रक्सौल डीएसपी मनीष आनंद ने बताया कि मुख्य आरोपी विकास कुमार का आपराधिक इतिहास भी रहा है। उसके खिलाफ रक्सौल और रामगढ़वा थानों में मोटरसाइकिल चोरी और शराब तस्करी के कई मामले पहले से दर्ज हैं। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ रक्सौल थाना कांड संख्या 299/26 दर्ज कर उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। अधिकारियों का कहना है कि इस कार्रवाई से सीमावर्ती क्षेत्रों में सक्रिय वाहन चोर गिरोहों पर प्रभावी अंकुश लगाने में मदद मिलेगी।
इस अभियान में रक्सौल थानाध्यक्ष रमेश कुमार महतो, पर्यवेक्षक पदाधिकारी निर्भय कुमार राय समेत एसआईटी के अन्य पुलिस अधिकारियों और जवानों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस का मानना है कि इस कार्रवाई से सीमावर्ती इलाकों में सक्रिय वाहन चोर गिरोहों के नेटवर्क पर प्रभावी रोक लगेगी। फिलहाल पूरे नेटवर्क की जांच जारी है।मोतिहारी से संतोष राउत की रिपोर्ट
