NEWS PR डेस्क: बिहार के रोहतास जिले में देर रात पुलिस की कार्रवाई के दौरान एक बड़ा हादसा हो गया। डालमियानगर थाना क्षेत्र के ओझा बीघा गांव में बंधक बनाए गए युवक को छुड़ाने पहुंची डायल-112 पुलिस की गाड़ी अनियंत्रित होकर एक मकान की दीवार से जा टकराई। हादसे में भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश प्रवक्ता अजय ओझा के पिता समेत दो लोग घायल हो गए। घटना के बाद ग्रामीणों ने जमकर हंगामा किया और पुलिसकर्मियों पर शराब के नशे में वाहन चलाने का आरोप लगाया। हालांकि पुलिस ने इन आरोपों की जांच शुरू कर दी है।

यह घटना मंगलवार देर रात करीब डेढ़ बजे की है। जानकारी के अनुसार, पुलिस को सूचना मिली थी कि गांव में एक युवक को बंधक बनाकर रखा गया है। सूचना मिलते ही डायल-112 की टीम मौके पर पहुंची और कार्रवाई के दौरान सरकारी वाहन एक मकान की दीवार से टकरा गया। टक्कर इतनी जोरदार थी कि मकान का अगला हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया और वहां बैठे दो लोग घायल हो गए। घायलों में भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश प्रवक्ता अजय ओझा के पिता भी शामिल हैं। बताया जा रहा है कि उनके सिर में गंभीर चोट आई, जिसके बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद दोनों घायलों को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
क्या है पूरा मामला?
ग्रामीणों के अनुसार, करीब दो वर्ष पहले गांव की एक शादी में एक फोटोग्राफर ने वीडियोग्राफी की थी। उसे अग्रिम राशि के रूप में 20 हजार रुपये दिए गए थे, लेकिन उसने फोटो और वीडियो उपलब्ध नहीं कराया। मंगलवार रात वह अपनी बकाया राशि मांगने गांव पहुंचा, जहां कुछ लोगों ने उसे रोक लिया और पैसे लौटाने का दबाव बनाने लगे। इसी दौरान किसी ने पुलिस को युवक के बंधक बनाए जाने की सूचना दे दी। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और युवक को मुक्त कराते हुए कार्रवाई शुरू की। इसी दौरान पुलिस वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो गया।
पुलिसकर्मियों पर लगे शराब पीने के आरोप
हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि पुलिसकर्मी शराब के नशे में थे। आरोपों को गंभीरता से लेते हुए डेहरी के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) ने वाहन में मौजूद आठ पुलिसकर्मियों को सदर अस्पताल भेजकर मेडिकल जांच कराई। चिकित्सक डॉ. राकेश कुमार ने बताया कि सभी पुलिसकर्मियों के रक्त के नमूने लिए गए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि किसी ने शराब का सेवन किया था या नहीं।
एसपी ने क्या कहा?
रोहतास के पुलिस अधीक्षक रौशन कुमार ने बताया कि डायल-112 कंट्रोल रूम को सूचना मिली थी कि एक व्यक्ति को जबरन उठाकर बंधक बनाया गया है। पुलिस टीम ने युवक को सुरक्षित छुड़ाया और मामले में शामिल लोगों को हिरासत में लिया। इसी दौरान सरकारी वाहन एक मकान की दीवार से टकरा गया, जिससे दीवार गिरने पर दो लोग घायल हो गए।
एसपी ने यह भी कहा कि घटना के बाद पुलिसकर्मियों के मौके से भागने की बात पूरी तरह भ्रामक है। अधिकारियों ने तत्काल घटनास्थल पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और परिजनों से आवेदन मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। मेडिकल रिपोर्ट आने के बाद पुलिसकर्मियों पर लगे आरोपों की भी स्थिति स्पष्ट हो जाएगी। रोहतास से दिवाकर तिवारी की रिपोर्ट
