NEWS PR डेस्क : बिहार की ऐतिहासिक विरासत और समृद्ध संस्कृति को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बड़ी पहचान मिली है। पटना स्थित बिहार म्यूजियम ने दुनिया के 100 सर्वश्रेष्ठ संग्रहालयों की सूची में नौवां स्थान हासिल किया है। वहीं, एशिया के संग्रहालयों में इसे पहला स्थान मिला है। इस उपलब्धि पर स्वास्थ्य मंत्री निशांत ने खुशी जाहिर करते हुए इसे पूरे बिहार के लिए ऐतिहासिक गौरव का क्षण बताया
स्वास्थ्य मंत्री निशांत ने मंगलवार को वीडियो संदेश जारी कर बिहारवासियों को इस उपलब्धि पर बधाई दी। उन्होंने कहा कि जर्मनी के म्यूनिख से प्रकाशित अंतरराष्ट्रीय यात्रा पत्रिका ‘वर्थ अ जर्नी’ (Worth a Journey) की वर्ष 2026 की ‘वर्ल्ड्स 100 बेस्ट म्यूजियम’ सूची में बिहार म्यूजियम को नौवां स्थान मिलना राज्य के लिए गर्व की बात है।
उन्होंने इस उपलब्धि का श्रेय मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के दूरदर्शी विजन और दृढ़ संकल्प को देते हुए कहा कि 9 जुलाई 2013 को बिहार म्यूजियम की नींव रखी गई थी। इसका उद्देश्य बिहार की समृद्ध सभ्यता, संस्कृति और गौरवशाली अतीत को विश्व पटल पर स्थापित करना था। आज यह परिकल्पना अंतरराष्ट्रीय पहचान के रूप में सामने आई है। निशांत ने इस उपलब्धि के लिए नीतीश कुमार के प्रति आभार जताते हुए समस्त बिहारवासियों को बधाई दी।
दुनिया के कई प्रसिद्ध संग्रहालयों को छोड़ा पीछे
वर्ष 2026 की इस अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग में बिहार म्यूजियम ने न्यूयॉर्क के प्रसिद्ध मेट्रोपॉलिटन म्यूजियम ऑफ आर्ट को पीछे छोड़ दिया है, जिसे दसवां स्थान मिला है। वहीं, पेरिस का प्रसिद्ध लूव्र म्यूजियम 31वें स्थान पर रहा है। इस सूची में मेक्सिको का Museo Nacional de Antropología पहले, स्पेन का Museo del Prado दूसरे और डेनमार्क का Louisiana Museum of Modern Art तीसरे स्थान पर है।
बताया गया है कि इस रैंकिंग में डेटा विश्लेषण, पर्यटकों की प्रतिक्रियाओं और संग्रहालयों के स्थल पर किए गए मूल्यांकन को आधार बनाया गया है। बिहार म्यूजियम इस सूची में जगह बनाने वाला भारत का एकमात्र संग्रहालय भी बताया गया है।
बिहार आने का दिया न्योता
इस उपलब्धि के अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री निशांत ने देशवासियों से बिहार आने की अपील की। उन्होंने कहा कि लोग बिहार के गौरवशाली इतिहास, समृद्ध संस्कृति और ऐतिहासिक स्थलों को करीब से देखें और राज्य की सांस्कृतिक विरासत से परिचित हों। बिहार म्यूजियम की यह उपलब्धि राज्य के पर्यटन, कला और सांस्कृतिक विरासत के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मिली इस पहचान से बिहार को वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर नई पहचान मिलने की उम्मीद है