NEWS PR डेस्क : पश्चिम चंपारण : जिले के बगहा अनुमंडल में एक सरकारी प्राथमिक विद्यालय पिछले 14 वर्षों से स्थायी भवन के बिना संचालित हो रहा है। देवरिया तरुअनवा पंचायत स्थित कुनई लक्ष्मीपुर राजकीय प्राथमिक विद्यालय में करीब 106 बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं, लेकिन उनके लिए आज तक एक पक्का स्कूल भवन नहीं बन सका है। हालात ऐसे हैं कि पहली कक्षा के बच्चों की पढ़ाई पेड़ के नीचे कराई जाती है, जबकि अन्य कक्षाओं की पढ़ाई ग्रामीणों द्वारा बनवाए गए टिन शेड में किसी तरह चल रही है।
न पक्का भवन, न चारदीवारी और न ही रसोईघर
कुनई लक्ष्मीपुर राजकीय प्राथमिक विद्यालय में पिछले 14 वर्षों से स्थायी भवन का अभाव है। स्कूल परिसर में न पक्का भवन है, न चारदीवारी और न ही बच्चों के लिए रसोईघर की व्यवस्था है। इसके बावजूद यहां करीब 106 बच्चों की पढ़ाई जारी है। विद्यालय की स्थिति को देखते हुए ग्रामीणों ने आगे आकर मदद की। ग्रामीणों ने स्कूल के लिए जमीन दान की और आपस में चंदा जुटाकर चार कमरों का टिन शेड बनवाया। इसी टिन शेड में बच्चों को पढ़ाया जा रहा है।
गर्मी में तपता है टिन शेड, बारिश में बाधित होती है पढ़ाई
टिन शेड में पढ़ाई करना बच्चों और शिक्षकों दोनों के लिए मुश्किल भरा है। गर्मी के दिनों में टिन की छत काफी गर्म हो जाती है, जिससे बच्चों को पढ़ाई करने में परेशानी होती है वहीं, बारिश के दौरान स्थिति और खराब हो जाती है और पढ़ाई प्रभावित होती है। सबसे अधिक परेशानी पहली कक्षा के बच्चों को होती है, जिनकी कक्षाएं आज भी पेड़ के नीचे लगाई जाती हैं। मौसम खराब होने पर उनकी पढ़ाई बाधित हो जाती है।

मिड-डे मील के लिए एक किलोमीटर दूर जाना पड़ता है
स्कूल में रसोईघर नहीं होने के कारण बच्चों को मिड-डे मील के लिए भी परेशानी का सामना करना पड़ता है। भोजन की व्यवस्था पुराने भवन में की जाती है, जो वर्तमान स्कूल से करीब एक किलोमीटर दूर स्थित है।
ऐसे में बच्चों को मिड-डे मील के लिए लगभग एक किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ती है। ग्रामीणों का कहना है कि स्कूल में ही पक्के भवन और रसोईघर की व्यवस्था होने से बच्चों को इस समस्या से राहत मिल सकती है।
कई बार शिक्षा विभाग को दी गई जानकारी, कार्रवाई का इंतजार
शिक्षकों और ग्रामीणों का कहना है कि विद्यालय के लिए स्थायी भवन निर्माण की मांग को लेकर कई बार शिक्षा विभाग को जानकारी दी गई है, इसके बावजूद अब तक स्कूल भवन निर्माण की दिशा में कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
ग्रामीणों ने सरकार और शिक्षा विभाग से जल्द से जल्द कुनई लक्ष्मीपुर राजकीय प्राथमिक विद्यालय के लिए पक्का भवन बनवाने की मांग की है। उनका कहना है कि 14 वर्षों से अस्थायी व्यवस्था के भरोसे चल रहे इस विद्यालय में पढ़ने वाले 106 बच्चों को बेहतर और सुरक्षित शैक्षणिक वातावरण मिलना चाहिए।
पश्चिम चंपारण से रिपोर्टर : मोहम्मद इम्तियाज