शंख लिपि में लिखा है राजगीर सोन भंडार का रहस्य,अब तक अनसुलझा…

Patna Desk
- Advertisements -
Your Brand Here
Limited time offer
Advertise Now →

राजगीर के सोन भंडार का रहस्य आज तक अनसुलझा है। शंख लिपि में लिखा हुआ यह रहस्य किसी ने नहीं पढ़ सका है। इस सोन भंडार का इतिहास बहुत पुराना है। कहा जाता है कि यहाँ पर सोने का एक बड़ा खजाना छिपा हुआ है।राजगीर स्थित सोन भंडार पर्यटकों के लिए एक बड़ा आकर्षण का केंद्र है। लेकिन इसका रहस्य आज तक अनसुलझा है। राजगीर के स्थानीय जानकार ने बताया कि अंग्रेजों ने भी तोप से सोन भंडार को उड़ाने की कोशिश की लेकिन उनकी यह कोशिश नाकाम साबित हुई।सोन भंडार गुफा’ के रहस्यमयी खजाने की कहानी लेकर आया है। जिसके सदियों से बंद दरवाजे को अंग्रेज भी नहीं खोल पाए। यहां न जाने कितनी अकूत संपत्ति आज भी रहस्यमयी बनी हुई है। राजगीर स्थित ‘सोन भंडार’ गुफा में वर्षों पुराना खजाना छुपा हुआ है। माना जाता है कि ये हर्यक वंश के प्रथम राजा बिम्बिसार की पत्नी ने छिपाया था।

इतिहासकारों के अनुसार, हर्यक वंश के संस्थापक बिम्बिसार को सोने-चांदी से गहरा लगाव था। वह सोने और उसे बने आभूषणों को इकट्ठा करते थे। उनकी कई रानियां थीं, लेकिन एक रानी उनका बहुत ख्याल रखती थी। अजातशत्रु ने जब अपने पिता बिम्बिसार को बंदी बनाकर कारागार में डाल दिया, तब बिम्बिसार की इसी पत्नी ने राजा के खजाने को सोन भंडार में छिपा दिया था जो आज तक रहस्य बना हुआ है। सोन भंडार का यही रहस्य बाहर से आने वाले सैलानियों को अपनी ओर आकर्षित करता है। वैसे तो राजगीर में पर्यटकों के लिए घूमने के लिए काफी कुछ है लेकिन स्वर्ण भंडार का रहस्य इन सबों से हटके है।भारत सरकार के द्वारा भी इसके अंदर छिपे हुए खजाने को निकालने का प्रयास नहीं किया क्योंकि अगर इसे डायनामाइट से उड़ाने की भी कोशिश की गई तो इसके अंदर छिपे विस्फोटक पदार्थ बाहर निकल जाएगा जिसके कारण गर्म जल बंद हो जायेगे।

- Advertisements -
Your Brand Here
Limited time offer
Advertise Now →
- Advertisements -
Your Brand Here
Limited time offer
Advertise Now →
Share This Article