NEWS PR डेस्क: दरभंगा, 9 जुलाई। रैयाम और सकरी चीनी मिलों के सुचारु संचालन के लिए दरभंगा जिले में गन्ना क्षेत्र विस्तार को लेकर विशेष अभियान शुरू किया गया है। इसी कड़ी में मंगलवार को प्रेक्षागृह, दरभंगा में जिलाधिकारी कौशल कुमार की अध्यक्षता में एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई, जिसमें कृषि एवं सहकारिता विभाग के अधिकारियों ने भाग लिया।
कार्यशाला को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि दोनों चीनी मिलों के सफल संचालन के लिए करीब 30 हजार एकड़ क्षेत्र में गन्ने की खेती सुनिश्चित करना आवश्यक है। इसके लिए कृषि, सहकारिता और ईख विकास विभाग को आपसी समन्वय के साथ काम करते हुए किसानों को गन्ना उत्पादन के लिए प्रेरित करना होगा।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि संभावित गांवों का जल्द चिन्हीकरण कर पंचायत स्तर पर किसानों के साथ नियमित बैठकें आयोजित की जाएं। इन बैठकों में किसानों को गन्ना खेती से होने वाले आर्थिक लाभ, सरकारी योजनाओं, तकनीकी सहायता और प्रोत्साहन राशि की जानकारी दी जाए, ताकि अधिक से अधिक किसान इस अभियान से जुड़ सकें।

बैठक में बताया गया कि रैयाम चीनी मिल के लिए छह तथा सकरी चीनी मिल के लिए 12 प्रखंडों को इस विशेष अभियान में शामिल किया गया है। इन क्षेत्रों में गन्ना उत्पादन बढ़ाने के उद्देश्य से लगातार जागरूकता कार्यक्रम चलाए जाएंगे।
जिलाधिकारी ने प्रखंड सहकारिता पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि वे किसानों का गन्ना किसान पंजीकरण और सहकारी समितियों की सदस्यता सुनिश्चित कराएं। उन्होंने बताया कि किसान पंजीकरण की अंतिम तिथि 30 जुलाई 2026 निर्धारित की गई है। ऐसे में सभी पात्र किसानों का समय पर पंजीकरण कराया जाना जरूरी है।
उन्होंने कहा कि किसानों के आवेदन और पंजीकरण की प्रक्रिया को ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से सरल और समयबद्ध बनाया जाए। साथ ही अभियान समिति के सदस्य प्रतिदिन गांवों और पंचायतों में जाकर किसानों से संवाद स्थापित करें तथा गन्ना विकास से जुड़ी योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करें।
जिलाधिकारी ने किसानों से अपील की कि वे डीबीटी आईडी के माध्यम से सीसीएस बिहार पोर्टल पर अनिवार्य रूप से पंजीकरण कराएं, ताकि गन्ना विकास से संबंधित सभी सरकारी योजनाओं और सुविधाओं का लाभ समय पर मिल सके।
कार्यशाला में सहायक निदेशक ईख विकास अजीत कुमार प्रसाद, जिला कृषि पदाधिकारी डॉ. सिद्धार्थ, जिला ईख पदाधिकारी पुष्कर राज, ईख प्रसार पदाधिकारी राहुल देव, प्रखंड सहकारिता पदाधिकारी समेत कृषि एवं सहकारिता विभाग के कई अधिकारी मौजूद रहे।
